नेताजी सुभाष चंद्र बोस विक्टोरिया मेमोरियल
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नेताजी अनुसंधान ब्यूरो की अध्यक्ष सुगाता बोस ने दावा किया है कि विक्टोरिया मेमोरियल म्यूजियम में नेताजी सुभाष चंद्र बोस से जुड़ी प्रदर्शनी से जुड़ा एक स्मृति चिह्न फर्जी है। महान स्वतंत्रता सेनानी नेताजी की 125वीं जयंती पर म्यूजियम में प्रदर्शनी चल रही है।
विक्टोरिया मेमोरियल के क्यूरेटर जयंत सेनगुप्ता को लिखे पत्र में नेताजी के प्रपौत्र बोस ने कहा, म्यूजियम के अधिकारियों ने इंडियन सिविल सर्विस (आईसीएस) से नेताजी के त्यागपत्र की कॉपी कभी नहीं मांगी थी। प्रदर्शनी में जो त्यागपत्र की कॉपी रखी है, वह फर्जी है। आईसीएस से नेताजी के त्यागपत्र की वास्तविक फोटोकॉपी करीब 50 वर्षों से ब्यूरो के पास पड़ी हई है।
नेताजी के प्रपौत्र ने म्यूजियम को पत्र लिखकर तुरंत फर्जी प्रति हटाने को कहा
बोस ने म्यूजियम से तुरंत फर्जी कॉपी को हटाने की अपील की है और कहा है कि फर्जी सामग्री के नीचे स्रोत के तौर पर नेताजी शोध ब्यूरो लिखा हुआ है। यह और भी स्तब्ध करने वाला है। बोस ने पत्र में लिखा है, आपने हमसे कभी भी नेताजी के त्यागपत्र या अन्य सामग्री की मांग नहीं की और हमने सीधे आपको कुछ नहीं भेजा।
नेताजी द्वारा लिखा हुआ मूल पत्र सितंबर 1971 में इंडिया ऑफिस ऑफ रिकॉडर्स ऑफ लंदन से हासिल किया। उन्होंने कहा कि इस फर्जी सामग्री की भी जांच करनी चाहिए कि किसने इसे पेश किया है क्योंकि यह शर्मनाक है कि फर्जी सामग्री प्रदर्शनी के लिए रखी गई, जिसका उद्घाटन पीएम नरेंद्र मोदी ने किया था।