हसीन जहां ने अमर उजाला को अपने शुरुआती दौर के बारे में बताते हुए कहा कि वे कोलकाता में एक सक्सेसफुल मॉडल के रुप में काम कर रही थीं और दो अच्छी कंपनियों से जुड़ी थीं और जिसके बदले कंपनियां उन्हें अच्छी पेमेंट कर रहीं थीं। इसके अलावा वे बंगाली फिल्म में भी काम कर चुकी थीं, जिससे उन्हें नाम और पैसा सब कुछ मिला था। कोलकाता के टॉप क्लास की एरिया में उनका घर था और वहां के सबसे महंगे और हाई प्रोफाइल क्लब की वे 2012 से ही सदस्य थीं।
इसी बीच 2008 में आईपीएल (IPL) परवान चढ़ रहा था। मशहूर अभिनेता शाहरुख खान (Shahrukh Khan) ने कोलकाता नाइट राइडर्स (Kolkata Knight Riders) की टीम खरीदी थी। टीम के लिए चीयर लीडर्स की जरुरत थी। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की इच्छा थी कि चीयरलीडर्स भी पश्चिम बंगाल की ही होनी चाहिए, इसलिए कंपनी ने कोलकाता की माडलों और डांसरों से संपर्क करना शुरु कर दिया। इसी दौर में एक दोस्त के कहने पर हसीन जहां ने अपनी प्रोफाइल कंपनी को भेज दी और उनकी खूबसूरती और काम के अनुभव को देखते ही कंपनी ने उन्हें हाथोंहाथ साइन कर लिया।
हसीन जहां कोलकाता नाइट राइडर्स के सभी मैचों में जातीं और टीम का हौंसला बढ़ातीं। वहीं मैच के बाद होने वाली पार्टियों में खिलाड़ियों और अन्य लोगों से मिलतीं थीं। इसी दौरान मोहम्मद शमी ने उन्हें देखा। हसीन जहां के मुताबिक शमी ने उनसे नजदीकी बनाने की कोशिश की। वे उनसे मिलने उनके घर के पास बने एक मॉल में आ जाया करते थे, जहां बार-बार आना उनके लिए संभव नहीं था। इसलिए बाद में उन्होंने मोहम्मद शमी को अपने घर आने की छूट दे दी। हसीन जहां की पहली शादी से उन्हें दो बेटियां (उस समय आठ और चार वर्ष) हैं जो हमेशा से उनके साथ ही रहती हैं। जब शमी का उनके घर आना शुरू हुआ तो दोनों बेटियों से खूब दोस्ती हो गई, और बच्चियों ने भी उन्हें समझना शुरू कर दिया।
वे बताती हैं कि उस समय मोहम्मद शमी की कोलकाता नाइट राइडर्स टीम में भी खास जगह नहीं थी। लेकिन उन्होंने अपने संपर्कों का इस्तेमाल करते हुए टीम में उनकी महत्वपूर्ण जगह बनाने में मदद की। उन्होंने पैसे खर्च कर मोहम्मद शमी की प्रोफाइलिंग कराई। उन्हें हाई प्रोफाइल लोगों के बीच के उठने-बैठने के तरीकों से अवगत कराया। यहां तक कि वे उनकी शॉपिंग का खर्चा भी उठाती थीं।
इस बीच उनके घर वालों को भी उनकी नजदीकियों का पता चल चुका था। दोनों परिवारों की सहमति से 2013 में उनकी सगाई कोलकाता में ही हुई। उनकी सगाई के कुछ ही दिन बाद मोहम्मद शमी का चयन भारतीय क्रिकेट टीम में हो गया। शमी और उनके परिवार वालों ने इसे हसीन जहां के परिवार में आने का शुभ लक्षण माना और दोनों परिवारों की सहमति से सात अप्रैल 2014 को उनका निकाह हो गया।
वह बताती हैं कि शादी के कुछ ही दिन ही मोहम्मद शमी का कहना था कि वे स्वयं काफी पैसा कमाने लगे हैं और इसलिए अब हसीन जहां को बाहर काम नहीं करना चाहिए, और मॉडलिंग बंद कर देनी चाहिए। शमी को उनके कपड़े पहनने के तरीकों से भी आपत्ति होने लगी। हसीन जहां ने कहा कि मैं पहले ही एक परिवार खो चुकी थी। अब दूसरा परिवार बचाना उनकी पहली प्राथमिकता थी। उन्होंने शमी के कहने पर मॉडलिंग छोड़ दी और परिवार बचाने के लिए उनकी सारी बातें मानीं। इसी बीच वे उनके साथ रहने के लिए अमरोहा आईं। सास और ननद चाहती थीं कि वे उनका घर छोड़कर वापस चली जाएं।
हसीन जहां के मुताबिक घर खर्च के लिए भी पैसे नहीं दिये जाते थे। लेकिन हसीन जहां ने इस बात के लिए दबाल डाला कि परिवार के खर्च के लिए तो उन्हें पैसे देने पड़ेंगे। क्योंकि उनके पास अब पैसे नहीं बचे हैं। यह रोज-रोज की बात होने लगी और जिंदगी के खुशनुमा पल कड़वाहटों में तब्दील हो गए।
जिसके बाद पूरा परिवार एक बार फिर कोलकाता चला आया। कुछ दिनों के बाद झगड़ा हुआ और शमी एक दिन घर छोड़कर जाने लगे। उन्हें कुछ कागज नहीं मिल रहे थे, जिसे लेने के लिए हसीन जहां नीचे खड़ी गाड़ी में खोजने गईं। गाड़ी में उन्हें एक मोबाइल और कुछ आपत्तिजनक चीजें मिलीं, जो शमी के दूसरी महिलाओं के साथ संबंध होने की गवाही देते थे। पत्नी हसीन जहां इसे बर्दाश्त नहीं कर पाईं और उनके मुताबिक इसके बाद उनकी दुनिया हमेशा के लिए उजड़ गई।
इसी दौरान हसीन जहां को शमी के एक रिश्तेदार से उनके रिश्ते की बात पता चली। उन्हें शमी के दुबई में एक पाकिस्तानी महिला से भी संपर्क में होने की बात भी पता चली थी। यह सब तब हो रहा था जब हसीन जहां गर्भवती थीं और कुछ ही दिनों में मां बनने वाली थीं।
वे बताती हैं कि भारतीय क्रिकेट टीम के कुछ खिलाड़ियों ने अपनी पत्नियों के साथ शमी से मुलाकात कर यह मामला सुलझाने की कोशिश भी की थी। लेकिन शमी इसके बाद भी नहीं सुधरे। अपने संबंधों का उपयोग कर उनके ऊपर घिनौने आरोप लगाए। मामला आगे बढ़ा तो मीडिया के सामने मुझे अपनाने की बात करने लगे, जबकि पर्दे के पीछे उनका व्यवहार कुछ और ही होता था। हसीन जहां के मुताबिक शमी उन पर हाथ भी उठाते थे और इसके बाद ही 2017 में वे कोर्ट के दरवाजे तक पहुंचीं।
हसीन जहां का आरोप है कि मोहम्मद शमी उन्हें कभी पार्टियों में नहीं ले जाते थे। उन्हें घर में कैद करके रखते थे और घर खर्च के लिए भी परेशान करते थे। कोई छोटी सी चीज मंगाने के लिए भी उन्हें उनका इंतजार करना पड़ता था। उनका आरोप है कि इस दौरान उन्हें पुलिस से भी कोई सहयोग नहीं मिला। शमी के अंतरराष्ट्रीय करियर के दबाव में 28 अप्रैल 2019 को यूपी पुलिस ने उन्हें अमरोहा स्थित निवास से रात के समय उठाकर जबरदस्ती ले गई। इस पर थाने को इस मामले में जवाब देने के लिए कहा गया था। इस दौरान ममता बनर्जी ने उनकी सुरक्षा को देखते हुए उन्हें गनर की सुरक्षा भी दी।
उन्होंने बताया कि अब वे अपनी तीन बेटियों के साथ एक छोटे से फ्लैट में रह रही हैं। उन्हें शमी कोई खर्च भी नहीं दे रहे हैं और उन्हें अपने पिता और भाइयों पर निर्भर रहना पड़ रहा है। अब उन्हें केवल कोर्ट से ही उम्मीद है कि वही उनकी और उनकी बेटियों की जिंदगी के साथ न्याय करेगी।