कर्नाटक में बच्चा चोरी के शक़ में भीड़ के हाथों पीट-पीट कर मारे गए इंजीनियर की मौत की वजह एक व्हाट्सऐप संदेश था, जो हमले से ठीक आधे घंटे पहले ही भेजा गया था। स्थानीय पुलिस के अनुसार यह संदेश मनोज पाटिल नाम के एक स्थानीय व्यक्ति ने भेजा था। इस मामले में अब तक 30 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें पाटिल भी शामिल है। पाटिल ने व्हाट्सऐप पर संदेश भेजा था कि लाल कार में जा रहे इन लोगों को बचके न जाने दिया जाए। ये बच्चा चोर हैं। इस संदेश के साथ बच्चों को चाकलेट बांट रहे चार लोगों का वीडियो भी था।
ये संदेश कर्नाटक के बीदर जिले के मुरकी और आसपास के गांवों में व्हाट्सएप समूहों में भेजा गया था। पुलिस के मुताबिक संदेश भेजने वाला मनोज पाटिल कई व्हाट्सएप ग्रुप चलाता है। पुलिस का कहना है कि व्हाट्सएप पर संदेश वायरल होने के बाद लोगों ने कार का पीछा किया और फिर उसमें सवार चार लोगों पर हमला कर दिया जिनमें से एक की मौत हो गई. मारे गए 32 वर्षीय मोहम्मद आज़म हैदराबाद के मलकपेट के रहने वाले थे और वो गूगल के एक प्रोजेक्ट पर काम कर रहे थे।
व्हाट्सएप का संदेश रहा बेअसर :
हाल ही में व्हाट्सएप ने अखबारों में विज्ञापन देकर लोगों से अफवाहें न फैलाने की अपील की थी। हालांकि उसका कोई असर नहीं पड़ा। भीड़ ने हमला किया और एक इंजीनियर की जान ले ली।