रविवार को पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव की मतगणना के बाद अब तक मिले रुझानों से बंगाल में ममता बनर्जी के नेतृत्व में तृणमूल कांग्रेस लगातार तीसरी बार जोरदार जीत की ओर बढ़ रही है। राज्य में जहां भाजपा का 200 सीटें जीतने का सपना पूरा नहीं हो सका तो वामदलों व कांग्रेस का तो सूपड़ा साफ हो गया। नंदीग्राम से पहले ममता बनर्जी के 1200 वोटों से जीतने की खबर मिली, लेकिन बाद में सुवेंदु अधिकारी 1900 मतों से जीत गए। यह बड़ा उलटफेर हुआ।
बंगाल में टीएमसी को 215, पिछली बार जीती थी 211
बंगाल में दीदी का एकछत्र राज्य फिर साबित हुआ है। पार्टी रात 8.30 बजे तक रुझान व नतीजे मिलाकर 215 सीटों पर आगे थी। हालांकि भाजपा ने सत्तारूढ टीएमसी को कड़ी चुनौती दी और वह राज्य में 76 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। जबकि कांग्रेस व वाम मोर्चे को एक ही सीट पर बढ़त मिली है।
2016 के नतीजे: टीएमसी ने 211 सीटें जीती थीं जबकि कांग्रेस व वाम मोर्चे को 76 सीटें मिली थीं। चार अन्य विजयी रहे थे।
तमिलनाडु में द्रमुक-कांग्रेस गठबंधन को स्पष्ट बहुमत की ओर
तमिलनाडु में ससत्तारूढ़ अन्नाद्रमुक की करारी हार होती नजर आ रही है। राज्य में द्रमुक व कांग्रेस गठबंधन 148 सीटों पर बढ़त लिए हुए है, जबकि अन्नाद्रमुक को 83 सीटों पर बढ़त है। राज्य में कुल 234 सीटें हैं, बहुमत 118 सीटें चाहिए। द्रमुक गठबंधन इससे आगे निकलता प्रतीत हो रहा है। राज्य में भाजपा को एक भी सीट नहीं मिली है। एमएनएम को मात्र एक सीट पर बढ़त है।
2016 के नतीजे: राज्य में अन्नाद्रमुक ने 136 सीटें जीती थीं, वहीं द्रमुक ने 89 और कांग्रेस ने 8 सीटें हासिल की थी। मुस्लिम लीग ने एक सीट जीती थी।
असम में भाजपा की वापसी तय
असम में भाजपा अपनी सरकार बचाने में सफल हो रही है। राज्य की 126 सीटों में से उसके नेतृत्व वाले गठबंधन को 75 सीटों पर बढ़त है। जबकि बहुमत के लिए 64 सीटें चाहिए। वहीं कांग्रेस नीत गठबंधन 49 सीटों पर आगे चल रहा है। 2 अन्य भी बढ़त लिए हुए है।
2016 के नतीजे: असम में भाजपा गठबंधन ने पिछली बार 86 सीटें जीती थीं, जबकि कांग्रेस ने 26 व अन्य 14 पर विजयी रहे थे।
केरल में एलडीएफ को 95 सीटें, बहुमत से ज्यादा
केरल में सीएम पिनराई विजयन अपनी सरकार कायम रखने में सफल हो रहे हैं। सत्तारूढ़ एलडीएफ गठबंधन को 140 में से 96 सीटों पर बढ़त हासिल हो चुकी है। बहुमत के लिए 71 सीटें चाहिए। कांग्रेस नीत यूडीएफ को 42 सीटें मिली हैं। जबकि भाजपा को राज्य में अब तक एक भी सीट पर बढ़त नहीं है।
2016 के नतीजे: केरल में एलडीएफ ने पिछली बार 91 सीटें जीतकर सरकार बनाई थी। जबकि यूडीएफ को 47 और बीजेपी व अन्य को एक-एक सीट मिली थी।
पुडुचेरी में एनडीए को 15, यूपीए को 6
पुडुचेरी की 30 सीटों में अब तक 25 के रुझान आए हैं। इनमें से एनडीए को 15 और यूपीए को 7 व 6 अन्य को बढ़त है। राज्य में कांग्रेस के हाथ से सत्ता निकल गई है। यहां भाजपा नीत एनडीए सरकार बना सकता है।
2016 के नतीजे: पुडुचेरी में कांग्रेस-द्रमुक गठबंधन ने 17 सीटें जीतकर सरकार बनाई थी, जबकि एनआर कांग्रेस ने 8 व अन्नाद्रमुक ने 4 सीटें जीती थी। एक अन्य विजयी रहा था।