मद्रास हाईकोर्ट की मदुरै बेंच ने चुनाव आयोग से कहा है कि वह कम से कम 25,000 सदस्यों वाली पार्टी को ही मान्यता प्रदान करे। हाईकोर्ट ने पाया कि तमिलनाडु में बहुत सारे गैर मान्यताप्राप्त सियासी दल लोगों से चंदा वसूलने के इरादे से काम कर रहे हैं।
एक याचिका पर सुनवाई करते हुए जस्टिस किरुबकरण और जस्टिस पुगझेंडी की खंडपीठ ने कहा कि ऐसे ‘लेटर पैड’ दलों के कारण लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। चुनाव आयोग को ऐसे दलों पर रोक लगाने के लिए कार्रवाई करनी चाहिए। अदालत ने इस मामले में चुनाव आयोग, गृह मंत्रालय और विधि विभाग से भी जवाब मांगा है।