उत्तर प्रदेश सहित पांच चुनावी राज्यों में अब राजनेताओं की उपलब्धियों का बखान करने वाले फोटो, पोस्टर, विज्ञापन और होर्डिंग नहीं दिखेंगे। चुनाव आयोग ने सख्त संज्ञान लेते हुए चुनावी राज्यों के मुख्यसचिवों को इन्हें हटाने या ढकने का निर्देश जारी किया है।
दरअसल, चुनावी राज्यों में प्रधानमंत्री, संबंधित राज्यों के मुख्यमंत्रियों के उपलब्धियों का बखान करने वाले पोस्टरों और होर्डिंग्स की भरमार है। गोवा के मुख्य चुनाव अधिकारी के इस ओर ध्यान दिलाने के तत्काल बाद आयोग ने इस आशय का निर्देश जारी किया। कांग्रेस नेता केसी मित्तल ने इस मामले में आयोग से शिकायत की थी।
मुख्य सचिवों को दिए गए निर्देश में आयोग ने कहा है कि कोई भी राजनीतिक दल या उनके नेता सार्वजनिक संसाधनों और धन का इस्तेमाल कर खुद का बखान नहीं कर सकते। यह आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है।
आयोग ने कहा है कि पहली प्राथमिकता इन पोस्टरों, फोटो, होर्डिंग्स और विज्ञापनों को हटाने की है। अगर कुछ अड़चन है तो इन्हें तत्काल ढंकने की व्यवस्था की जाए। निर्देश में यह भी कहा गया है कि उन पोस्टरों को नहीं हटाया जाए जिसमें राज्य या केंद्र सरकार की ओर से सामाजिक कल्याण से जुड़ी योजनाओं के बारे में कोई संदेश हो।