फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

New Education Policy: केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रधान ने कहा, नई शिक्षा नीति पर विचारों को सुनने के लिए तैयार

Sat, 21 Jan 2023 09:53 PM IST
गुलाम अहमद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोयंबटूर

सार

केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जोर देकर कहा है कि सभी को मातृभाषा सीखनी चाहिए और एनईपी मूल रूप से मातृभाषा में सीखने, पढ़ने और लिखने में मदद करेगी।
विज्ञापन
धर्मेंद्र प्रधान (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

केंद्रीय शिक्षा एवं कौशल विकास मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार को कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) सिर्फ एक दस्तावेज नहीं है, बल्कि इसमें छात्रों के हित के लिए कई नई विशेषताएं हैं। उन्होंने कहा कि हालांकि शिक्षा राज्यों की समवर्ती सूची में है, केंद्र को उम्मीद है कि तमिलनाडु एनईपी को स्वीकार करेगा। केंद्रीय मंत्री शनिवार को तमिलनाडु के कोयंबटूर में अविनाशीलिंगम इंस्टीट्यूट फॉर होम साइंस एंड हायर एजुकेशन फॉर वीमेन के 34वें दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार एनईपी पर नए विचारों और तरीकों का खुले तौर पर स्वागत के लिए तैयार है।

विज्ञापन


प्रधान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जोर देकर कहा है कि सभी को मातृभाषा सीखनी चाहिए और एनईपी मूल रूप से मातृभाषा में सीखने, पढ़ने और लिखने में मदद करेगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) को इस शैक्षणिक वर्ष से सभी भारतीय भाषाओं में किताबें प्रकाशित करने के लिए कहा है। शिक्षा मंत्री ने कहा कि मातृभाषा में पढ़ाई करने से बच्चों का अच्छी तरह से विकास होगा और भारत की शिक्षा रोजगार, सशक्तिकरण और ज्ञान पर केंद्रित है। उन्होंने कहा कि इंटरनेट और स्मार्टफोन बुनियादी जरूरतें हैं और हम एंड्रॉयड या आईओएस जैसी विदेशी तकनीकों पर निर्भर हैं। हालांकि, भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) मद्रास ने कुछ दिन पहले स्वदेशी 5जी के लिए तकनीक विकसित की है।

तमिलनाडु लोकतंत्र का केंद्र है...
महिला सशक्तीकरण के बारे में बात करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि तमिलनाडु देश के अन्य राज्यों से बहुत आगे है और यहां में देश में कामकाजी महिलाओं की संख्या सबसे अधिक है। प्रधान ने कहा कि भारत लोकतंत्र की जननी है और तमिलनाडु इसका केंद्र है। उन्होंने कहा कि भारत की जी20 अध्यक्षता के दौरान मुझे उम्मीद है कि विश्वविद्यालय में इसके बारे में चर्चा और विचार-विमर्श होगा। 
विज्ञापन


वहीं, एनईपी के लिए बजट आवंटन में कमी पर एक सवाल के जवाब में केंद्रीय मंत्री ने कहा कि यह गलत सूचना है। उन्होंने कहा कि सरकार और वित्त मंत्रालय नई शिक्षा नीति को पूरा समर्थन दे रहे हैं और अगले बजट में और धनराशि आवंटित की जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें