प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने रॉबर्ट वाड्रा के खिलाफ जांच का दायरा बढ़ा दिया है। ईडी ने यूके स्थिति एजेंसियों से वाड्रा की आधा दर्जन से ज्यादा संपत्तियों के मालिकाना हक और वित्तीय लेनदेन की जानकारी मांगी है। प्रवर्तन निदेशालय का दावा है कि इन संपत्तियों में ‘मनी लॉन्ड्रिंग’ का पैसा लगा है और वाड्रा का इनसे संबंध है।
सूत्रों का कहना है कि इन संपत्तियों के बारे में वाड्रा से पूछताछ में ईडी को ज्यादा जानकारी नहीं मिली। लिहाजा, अब वह वाड्रा से निरंतर पूछताछ करना चाहती है और उसकी अग्रिम जमानत रद्द कराने के लिए कोर्ट पहुंची है।
हाल ही में वाड्रा ने कहा था कि एजेंसी उसे बार-बार तलब कर सनसनी और जबरन ड्रामा खड़ा कर रही है। उधर, एजेंसी पीएमएलए के अंतर्गत संपत्तियां कुर्क करने और वाड्रा व उसके सहयोगियों के खिलाफ ठोस मामला तैयार करने पर ध्यान केंद्रित कर रही है।
संपत्तियों के लेनदेन को लेकर ईडी की नजरों में एनआरआई कारोबारी सीसी थम्पी प्रमुख संदिग्ध है। इस पर देश में 2017 में अवैध जमीन खरीदने और हवाला लेनदेन का आरोप है। एजेंसी ने थम्पी को उसके वाड्रा और भगोड़े हथियार डीलर संजय भंडारी से संबंधों के बारे में पूछताछ के लिए समन भेजा है।