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ED Action: पीएसीएल मामले में प्रवर्तन निदेशालय की बड़ी कार्रवाई, 762 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति कुर्क की

Sat, 12 Jul 2025 10:41 PM IST
पवन पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

ईडी ने पर्ल्स ग्रुप यानी पीएसीएल और इसके प्रमोटरों की 762 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्तियों को जब्त कर लिया है। ईडी की कार्रवाई से निवेशकों को कुछ हद तक न्याय मिलने की उम्मीद जगी है। वहीं पोंजी स्कीम जैसी धोखाधड़ी से लोगों को सतर्क रहने की सीख भी मिली है।
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पीएसीएल मामले में ईडी ने 762 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति कुर्क की - फोटो : ANI
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विस्तार
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प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने पर्ल्स ग्रुप यानी पीएसीएल और इसके प्रमोटरों की 762 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्तियों को जब्त कर लिया है। यह कार्रवाई एक बड़े पोंजी घोटाले से जुड़ी है, जिसमें करीब 48,000 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की गई थी। इस घोटाले में लाखों निवेशकों को फर्जी योजनाओं के जरिए ठगा गया था। 
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68 अचल संपत्तियों किया गया जब्त- ईडी
ईडी ने बताया कि यह संपत्तियां पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, महाराष्ट्र और ऑस्ट्रेलिया में मौजूद हैं। कुल मिलाकर 68 अचल संपत्तियों (जमीन, इमारत आदि) को जब्त किया गया है। यह जांच 2015 में शुरू हुई थी, जब सीबीआई ने पीएसीएल, पीजीएफ लिमिटेड और इसके मुख्य प्रमोटर दिवंगत निर्मल सिंह भंगू के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। इन पर आरोप है कि उन्होंने फर्जी निवेश योजनाएं चलाकर लोगों को धोखा दिया।
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'पीएसीएल ने धोखाधड़ी कर 48000 करोड़ रुपये जमा किए'
ईडी ने अपने बयान में कहा, 'पीएसीएल और उसके निदेशकों ने लाखों भोले-भाले निवेशकों से धोखाधड़ी कर लगभग 48,000 करोड़ रुपये जमा किए। फिर इस पैसे को कई लेनदेन के जरिए छिपाया गया, ताकि इसके अवैध स्रोत को ढंका जा सके।' जिन संपत्तियों को जब्त किया गया है, वे निर्मल सिंह भंगू, उनके परिवार और पीएसीएल से जुड़े संगठनों के नाम पर हैं। ईडी के मुताबिक, जब्त की गई संपत्तियों का कुल मूल्य 762.47 करोड़ रुपये है। बता दें कि पीएसीएल के मुख्य प्रमोटर निर्मल सिंह भंगू का निधन अगस्त 2023 में हो गया था।
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क्या था पीएसीएल घोटाला?
पर्ल्स एग्रोटेक कॉर्पोरेशन लिमिटेड (पीएसीएल) ने आम लोगों से पैसा यह कहकर लिया कि वह जमीन में निवेश कर मुनाफा देंगे। लेकिन यह एक पोंजी स्कीम थी — यानी पुराने निवेशकों को नए निवेशकों के पैसे से भुगतान किया जा रहा था। इस स्कीम में लाखों लोगों ने अपनी जमा पूंजी लगा दी थी।

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