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EC: उपराष्ट्रपति चुनाव-2025 के लिए निर्वाचक मंडल की अंतिम सूची तैयार, चुनाव आयोग ने की घोषणा

Thu, 31 Jul 2025 05:24 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।

सार

EC:  चुनाव आयोग ने उपराष्ट्रपति चुनाव 2025 के लिए निर्वाचक मंडल की अंतिम सूची तैयार कर ली है। यह चुनाव जगदीप धनखड़ के समय से पहले इस्तीफे के कारण हो रहा है। अंतिम सूची अधिसूचना जारी होने के बाद चुनाव आयोग के कार्यालय में बने विशेष काउंटर से खरीदी जा सकेगी।
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चुनाव आयोग - फोटो : PTI
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विस्तार
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चुनाव आयोग ने गुरुवार को कहा कि उसने उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए निर्वाचक मंडल की अंतिम सूची तैयार कर ली है। यह चुनाव जगदीप धनखड़ के उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा देने के कारण जरूरी हो गया है। भारत के उपराष्ट्रपति का चुनाव निर्वाचक मंडल द्वारा किया जाता है, जिसमें राज्यसभा के निर्वाचित और मनोनीत सदस्य और लोकसभा के निर्वाचित सदस्य शामिल होते हैं।

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आयोग ने एक बयान में कहा कि उपराष्ट्रपति चुनाव 2025 के लिए निर्वाचक मंडल की सूची को अंतिम रूप दे दिया गया है। अधिसूचना जारी होने की तिथि से यह सूची चुनाव आयोग के कार्यालय में बनाए गए विशेष काउंटर पर खरीदी जा सकेगी। अधिसूचना जल्द ही जारी होने की संभावना है।

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धनखड़ ने 21 जुलाई को उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा दे दिया था, जबकि उनके कार्यकाल की समाप्ति में अभी दो साल से ज्यादा का समय बाकी था। उन्होंने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए 21 जुलाई को अपने इस्तीफे में लिखा, स्वास्थ्य का ध्यान रखने और चिकित्सकों की सलाह का पालन करने के लिए मैं संविधान के अनुच्छेद 67(क) के तहत भारत के उपराष्ट्रपति पद से तत्काल प्रभाव से इस्तीफा देता हूं।


धनखड़ के इस्तीफे के दो दिन बाद ही चुनाव आयोग ने नए उपराष्ट्रपति के चुनाव की प्रक्रिया शुरू कर दी थी। हालांकि धनखड़ ने अपने पांच साल के कार्यकाल के केवल दो साल के भीतर इस्तीफा दिया, फिर भी उनके उत्तराधिकारी को पूरा पांच साल का कार्यकाल मिलेगा, न कि शेष बचा हुआ समय।

भारतीय संविधान के अनुच्छेद 324 के तहत चुनाव आयोग को उपराष्ट्रपति पद के लिए चुनाव कराने का अधिकार है। अनुच्छेद 66(1) के अनुसार, भारत के उपराष्ट्रपति का चुनाव एक निर्वाचक मंडल द्वारा किया जाता है, जिसमें लोकसभा और राज्यसभा के निर्वाचित सदस्य और राज्यसभा के मनोनीत सदस्य शामिल होते हैं। चुनाव आयोग की प्रेस विज्ञप्ति में आगे बताया गया कि राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति चुनाव नियम, 1974 के नियम 40 के तहत, आयोग को निर्वाचन मंडल की अपडेटेड सूची तैयार करनी होती है, जिसमें सभी सदस्यों के नवीनतम पते भी शामिल होते हैं। इसलिए आयोग ने उपराष्ट्रपति चुनाव 2025 के लिए निर्वाचक मंडल की सूची तैयार कर ली है। इसमें सभी लोगों के नाम उनके राज्य या केंद्रशासित प्रदेश के नाम के हिसाब से अक्षरवार (वर्णानुक्रम) और नंबर के साथ दर्ज किए गए हैं।

संविधान के अनुच्छेद 68 के खंड दो के अनुसार, उपराष्ट्रपति के निधन, त्यागपत्र या पद से हटाए जाने या अन्य किसी कारण से होने वाली रिक्ति को भरने के लिए चुनाव ‘यथाशीघ्र’ कराया जाएगा। रिक्ति को भरने के लिए निर्वाचित व्यक्ति अपने ‘पदभार ग्रहण करने की तिथि से पांच वर्ष की पूर्ण अवधि तक’ पद धारण करने का हकदार होगा। अधिसूचना जारी होने के दिन (मतदान के लिए निर्वाचक मंडल को बुलाना) से मतदान के दिन तक 30 दिन की अवधि निर्धारित है। कोई व्यक्ति उपराष्ट्रपति के रूप में तब तक निर्वाचित नहीं हो सकता जब तक कि वह भारत का नागरिक न हो, 35 वर्ष की आयु पूरी न कर चुका हो और राज्यसभा के सदस्य के रूप में निर्वाचित होने के योग्य न हो।

आगामी चुनाव में सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) को स्पष्ट बढ़त हासिल है। 543 सदस्यीय लोकसभा में पश्चिम बंगाल के बशीरहाट की एक सीट रिक्त है, जबकि 245 सदस्यीय राज्यसभा में पांच रिक्तियां हैं। राज्यसभा की पांच रिक्तियों में से चार जम्मू-कश्मीर से और एक पंजाब से है। पंजाब की यह सीट पिछले महीने हुए उपचुनाव में राज्य विधानसभा के लिए चुने जाने के बाद आम आदमी पार्टी (आप) के नेता संजीव अरोड़ा के इस्तीफे के बाद खाली हुई थी। दोनों सदनों की प्रभावी सदस्य संख्या 782 है और जीतने वाले उम्मीदवार को 391 मतों की आवश्यकता होगी, बशर्ते सभी पात्र मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करें।
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लोकसभा में, भाजपा के नेतृत्व वाले राजग को 542 सदस्यों में से 293 का समर्थन प्राप्त है। सत्तारूढ़ गठबंधन को राज्यसभा में 129 सदस्यों (प्रभावी सदस्य संख्या 240) का समर्थन प्राप्त है, बशर्ते कि मनोनीत सदस्य राजग उम्मीदवार के समर्थन में मतदान करें। सत्तारूढ़ गठबंधन को कुल 422 सदस्यों का समर्थन प्राप्त है। संविधान के अनुच्छेद 66 (1) में प्रावधान है कि उपराष्ट्रपति का चुनाव आनुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली के अनुसार एकल संक्रमणीय मत के माध्यम से होगा तथा ऐसे चुनाव में मतदान गुप्त मतदान द्वारा होगा। इस प्रणाली में मतदाता को उम्मीदवारों के नाम के सामने अपनी प्राथमिकताएं अंकित करनी होती हैं।

अगला उपराष्ट्रपति कौन होगा?
जगदीप धनखड़ के उत्तराधिकारी को लेकर तमाम अटकलें लगाई जा रही हैं। संभावित नामों में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और दिल्ली के उपराज्यपाल वी. के. सक्सेना शामिल हैं। एक और नाम जो चर्चा में है वह है राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह का। धनखड़ के पद छोड़ने के बाद हरिवंश इस समय संसद के मानसून सत्र में राज्यसभा की कार्यवाही की निगरानी कर रहे हैं।

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