अक्सर लोग अपनी पत्नी या प्रेमिका को चांद-तारों के बीच ले जाने का सपना दिखाते हैं। अब वे जल्द ही इसे पूरा कर सकेंगे, क्योंकि भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने चंद्रमा से ऊर्जा हासिल करने की तकनीकी ईजाद कर लिया है। यहा जानकारी इसरो के वैज्ञानिक सिवाथनु पिल्लई ने दी। उन्होंने कहा कि 2030 तक भारत अपनी जरूरतों के हिसाब चंद्रमा से ऊर्जा हासिल करने लगेगा।
उनके मुताबिक, चंद्रमा पर भारी मात्रा में हीलियम-3 है। इसी से भारत को ऊर्जा मिल पाएगी। सिवाथनु ने बताया कि इसरो के वैज्ञानिक चांद की मिट्टी धरती पर लाने की तैयारी कर रहे हैं ताकि हीलियम-3 हासिल किया जा सके। मालूम हो कि हीलियम-3 हीलियम का आइसोटॉप है, जिसे ऊर्जा में बदला जा सकता है।