दिवाली और छठ के त्योहार खत्म होने बाद ट्रेनों में टिकटों की मारामारी खत्म हो गई थी। लेकिन अब फिर से उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली आने जाने वाली ट्रेनों में टिकट मिलना मुश्किल हो गया है। ट्रेनों में स्लीपर से लेकर थर्ड एसी में फिर से वेटिंग आ गई है। यात्रियों को कंफर्म टिकट के लिए कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। इसका मुख्य कारण शादियों का सीजन है।
दरअसल, देवउठनी एकादशी से शादियों के सीजन की शुरुआत हो चुकी है। ऐसे में उत्तर भारत की तरफ आने जाने वाली ट्रेनों में बुकिंग को लेकर समस्या बढ़ गई है। सबसे ज्यादा भीड़ महाराष्ट्र और गुजरात से यूपी-बिहार जाने वाली ट्रेनों में देखने को मिल रही है। इसके बाद मध्यप्रदेश और राजस्थान की तरफ आने जाने वाली ट्रेनों में भीड़ दिख रही है।
रेलवे के सूत्रों का कहना है कि, इन राज्यों में ट्रेनों में वेटिंग लिस्ट का मुख्य कारण उत्तर भारत में हो रही शादिया है। इनमें शामिल होने के लिए लोग जा रहे है। इसलिए ही ट्रेनों में सीटों की कमी देखने को मिल रही है। हालांकि रेलवे स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए अतिरिक्त ट्रेन सेवाएं बढ़ाने की योजना पर काम कर रहा है।
गुजरात के सूरत, अहमदाबाद, वडोदरा से दिल्ली,बिहार,यूपी की तरफ जाने और वहां से आने वाली ट्रेनों में भीड़ है। इसके अलावा महाराष्ट्र के मुंबई से दिल्ली और यूपी जाने वाली ट्रेनें भी फुल हो गई है। इन दोनों राज्यों की ट्रेनों में 15 दिसंबर तक वेटिंग देखने को मिल रही है। इसी तरह मध्यप्रदेश के भोपाल, इंदौर से दिल्ली, पटना और वाराणसी जाने वाली ट्रेनें भी फुल हो गई है। जबकि राजस्थान से जयपुर, कोटा, अजमेर, जोधपुर की तरफ आने जाने वाली ट्रेनों में वेटिंग देखने को मिल रही है। इन दोनों राज्यों में 20 दिसंबर तक टिकट बुक हो चुके है।
जनरल कोच में सफर करने वालों को मिलेगी राहत!
दिसंबर से ट्रेनों में जनरल क्लास से सफर करने वालों को राहत मिलने जा रही है। उन्हें लटककर या धक्का मुक्की करके सफर करने की जरूरत नहीं होगी। भारतीय रेलवे इस क्लास से यात्रा करने वालों की सुविधाओं में इजाफा करने जा रही है। रेलवे ने इस दिशा में काम करना शुरू कर दिया है और नवंबर तक डेडलाइन तय कर दी गई है। दिसंबर से जनरल क्लास से सफर करने वालों को सीट मिलने की संभावना पहले की तुलना में अधिक होने की उम्मीद है।
रेल मंत्रालय के अनुसार जनरल क्लास में सफर करने वाले यात्रियों की सुविधाजनक सफर कराने के लिए लगातार कदम उठा रहा है।इसी दिशा में नियमित ट्रेनों में जनरल कोचों की संख्या बढ़ाई जा रही है। नवंबर माह में एक हजार से ज्यादा कोच जनरल कोच करीब 370 नियमित ट्रेनों में जोड़ दिए जाएंगे।
एक अनुमान के मुताबिक रेलवे के नये जनरल कोचों के जुड़ने से रोजाना करीब एक लाख यात्री फायदा होगा। रेलवे बोर्ड के अनुसार, उसने अगले दो वर्षों में 10,000 गैर-एसी बोगियां जोड़ने की योजना बनाई है जिसके बाद आठ लाख से अधिक अतिरिक्त यात्री प्रतिदिन यात्रा कर सकेंगे।ये सभी 10,000 बोगियां एलएचबी श्रेणी की हैं जो उन्नत सुरक्षा सुविधाएं और यात्री सुविधाएं सुनिश्चित करती हैं।