दिवंगत अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की पूर्व मैनेजर दिशा सालियन की मौत का मामला एक बार फिर चर्चा में है। दिशा के पिता सतीश सालियन ने शिवसेना (यूबीटी) नेता आदित्य ठाकरे के बयान पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि वह पिछले चार साल से आदित्य ठाकरे का नाम लेते आ रहे हैं, लेकिन उस समय उन्होंने कुछ नहीं कहा। अब एफआईआर दर्ज होने के बाद ही वह इस मामले पर क्यों बोल रहे हैं?
सतीश सालियन ने कहा, मैं चार साल से उनका नाम ले रहा हूं। उन्होंने तब कुछ नहीं कहा। अब एफआईआर दर्ज होने के बाद ही वह क्यों बोल रहे हैं? उन्होंने दावा किया कि आदित्य ठाकरे ने अपराध किया है और पुलिस व सीबीआई उन्हें पकड़कर मामले को आगे बढ़ाएगी। उन्होंने कहा कि अब उन्हें इस मामले को लेकर कोई तनाव नहीं है और जांच एजेंसियां जो जरूरी होगा, वह करेंगी।
‘हमारे पास फोटो और वीडियो समेत सबूत’
दिशा सालियन के पिता ने मामले में सबूत होने का भी दावा किया। उन्होंने कहा कि सभी लोग इस मामले में उनके शामिल होने की बात जानते हैं। उन्होंने वानखेड़े के बयान और मोबाइल टावर लोकेशन डेटा का जिक्र किया। इसके अलावा उन्होंने कहा कि उनके पास फोटो, वीडियो और अन्य सबूत भी हैं। सतीश सालियन ने कहा कि ये सभी चीजें सही समय आने पर सामने आएंगी। उन्होंने यह भी कहा कि अब वह मामले को लेकर चिंतित नहीं हैं और जांच एजेंसियां आगे की कार्रवाई करेंगी।
500 करोड़ रुपये के हर्जाने का भेजा था नोटिस
इससे पहले सतीश सालियन ने आदित्य ठाकरे और एनसीपी (शरद गुट) के नेता तथा महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख को 500 करोड़ रुपये के हर्जाने का कानूनी नोटिस भेजा था। नोटिस में आरोप लगाया गया था कि दोनों नेताओं ने उनकी बेटी की मौत की जांच और न्याय की मांग को राजनीति से प्रेरित बताने की कोशिश की। नोटिस में सतीश सालियन ने दोनों नेताओं से बिना शर्त सार्वजनिक माफी मांगने की मांग की थी। साथ ही 500 करोड़ रुपये के हर्जाने की मांग भी की गई थी।
आदित्य ठाकरे ने आरोपों से किया था इनकार
सीबीआई की ओर से दिशा सालियन मामले में एफआईआर दर्ज किए जाने के बाद आदित्य ठाकरे ने दिशा से किसी भी तरह के संबंध से इनकार किया था। उन्होंने कहा था कि वह दिशा सालियन से कभी नहीं मिले और उन्हें जानते भी नहीं थे। ठाकरे ने अपने खिलाफ लगाए जा रहे आरोपों को राजनीतिक और व्यक्तिगत मकसद से की जा रही कार्रवाई बताया था। दिशा सालियन की मौत 8 जून 2020 को मुंबई के मलाड इलाके में एक ऊंची रिहायशी इमारत से गिरने के बाद हुई थी। इसके छह दिन बाद सुशांत सिंह राजपूत की भी मौत हो गई थी। इसके बाद से दिशा की मौत का मामला लगातार चर्चा में रहा है और अब एफआईआर के बाद एक बार फिर सुर्खियों में है।