सोने के दाम में बढ़ोतरी का असर।
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देश में दिवाली के त्योहार की शुरुआत हो गई हैं। मंगलवार को धनतेरस का त्योहार मनाया जा रहा है। लेकिन इसी बीच सोने की बढ़ते रेट ने सोना चांदी के कारोबारियों की परेशानी बढ़ा दी है। दिवाली जैसे बड़े त्योहार के बाद भी सर्राफा बाजार में ग्राहकों की भीड़ उम्मीद से कम नजर आ रही है। व्यापारियों को इस सीजन सोने की चमक थोड़ी फीकी पड़ने का डर सता रहा है। पिछले धनतेरस से अब तक सोने की कीमतों में 25-30 फीसदी तक की बढ़ोतरी हो चुकी है। घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सोने के दाम उच्च स्तर पर बने हुए है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में 23 अक्टूबर को सोना 2,759 डॉलर प्रति औंस के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। इसके बाद से यह 2,700 डॉलर से ऊपर ही कारोबार कर रहा है। मुंबई के स्पॉट मार्केट में सोना लगभग 79,500 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया है, जबकि पिछले धनतेरस 2023 के दौरान यह कीमत करीब 62,000 रुपये के आसपास थी।
हालांकि, पिछले सप्ताह के रिकॉर्ड स्तर पर जाने के बाद सोने की कीमतों में थोड़ी गिरावट आई है। लेकिन मौजूदा रेट ने सर्राफा व्यापारियों को इस साल परेशानी में डाल रखा है। क्योंकि यह रेट 2023 की तुलना में बहुत ज्यादा बढ़ गए है। ऑल इंडिया जेम एंड ज्वेलरी डोमेस्टिक काउंसिल के पदाधिकारियों के अनुसार, सोने की कीमतों में हुई अभूतपूर्व वृद्धि का असर इस बार के त्योहारी सीजन में मांग पर पड़ सकता है। हर साल धनतेरस के पहले के दिनों में ग्राहकों की भीड़ देखी जाती थी, लेकिन इस बार यह भीड़ नदारद है।
कारोबारियों का कहना है कि, बढ़ती महंगाई और बढ़ते रेट की वजह से इस बार आम आदमी छोटे आकर वाली ज्वेलरी यानी एक लाख रुपए से कीमत वाली ज्वेलरी की ज्यादा खरीदते हुए दिखाई दे रहे है। पिछले साल की तुलना में इस वर्ष बिक्री में करीब 20 प्रतिशत की गिरावट हो सकती है। लेकिन बढ़ती कीमतों के बीच सर्राफा व्यापारियों ने ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए ज्वेलरी ब्रांड्स ने विभिन्न ऑफर्स और योजनाएं पेश की हैं, ताकि लोग शोरूम तक आएं और खरीदारी करें।