सरकार ने नोटों के लिए मची अफरातफरी पर लगाम लगाने के लिए लोगों के हाथों पर स्याही लगाने का फैसला लिया है, लेकिन अमल में आने से पहले ही यह फैसला विवादों में घिर गया है। इस पर सबसे अहम सवाल उठाया है पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने। ममता ने कहा कि 19 नवंबर को कई जगह उप चुनाव होने हैं ऐसे में जिनके हाथों पर पहले से ही स्याही लगी होगी वो कैसे मतदान कर पाएंगे।
बता दें कि आसाम, अरुणाचल प्रदेश, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, त्रिपुरा सहित छह राज्यों की आधा दर्जन सीटों पर 19 नवंबर को उप चुनाव होना है। इसी को मुद्दा बनाते हुए पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार पर हमला बोल दिया है। ममता ने सवाल किया जब आप नोट के लिए लाइन में लगने वाले लोगों के हाथों पर स्याही लगा देंगे तो वो लोग वोट कैसे डाल पाएंगे। क्योंकि सरकार की ओर से बताया जा रहा है कि लोगों के हाथों पर वो ही स्याही लगेगी जो चुनावों के दौरान लगती है।
ममता ने इसे सरकार का 'ब्लैक मैकनिज्म' शुरू करने का प्रयास बताया है। ममता ने इस संबंध में चुनाव आयोग से भी सवाल किया है कि वह वोटरों को राहत देने के लिए क्या व्यवस्था करेगा।
Also,there are by-elections on Nov 19. What'll the EC say about this decision to put indelible on prospective voters?: WB CM #demonetisation
— ANI (@ANI_news) November 15, 2016
Desperate attempt to start a 'black mechanism' with indelible ink shows this govt distrusts the common people: WB CM Mamata Banerjee
— ANI (@ANI_news) November 15, 2016