फरीदाबाद के अल-फलाह मेडिकल कॉलेज में जांच के लिए जा सकती है एनआईए
- फोटो : ANI
राष्ट्रीय जांच एजेंसी एनआईए दिल्ली कार विस्फोट मामले की जांच के लिए फरीदाबाद के अल-फलाह मेडिकल कॉलेज का दौरा करने की संभावना है। दिल्ली धमाके में जैश-ए-मोहम्मद मॉड्यूल शामिल है। सुरक्षा एजेंसियों ने 8 नवंबर, 2025 को छापेमारी के दौरान अल-फलाह मेडिकल कॉलेज से ही हथियार और विस्फोटक बरामद किए थे। इसके बाद से ही ये मेडिकल कॉलेज जांच में एक अहम कड़ी के तौर पर सामने आया है।
जांच के दौरान पता चला है कि गिरफ्तार डॉक्टर मुजम्मिल अल-फलाह मेडिकल कॉलेज में ही काम करता था। जैश के मॉड्यूल से जुड़ा एक और गिरफ्तार सदस्य डॉक्टर उमर भी इसी संस्थान में काम करता था। जैश के नेटवर्क पर जब जांच एजेंसियों ने कार्रवाई तेज की तो वह गिरफ्तारी से बचने में कामयाब रहा।
भगोड़े उमर ने एजेंसियों की लगातार कार्रवाई के बाद हताशा और घबराहट में लाल किले के पास विस्फोट कर दिया। धमाके में उमर की मौत हो गई। जैश मॉड्यूल का डॉक्टर उमर ही गाड़ी चला रहा था और सीसीटीवी फुटेज में इसकी पुष्टि हुई है। एनआईए इन दोनों डॉक्टरों के बारे में गहन जांच कर रही है, जो जैश मॉड्यूल के मुख्य सदस्य थे।
एनआईए ने दिल्ली कार विस्फोट की जांच के लिए एक गहन जांच दल बनाया है। यह एक आतंकी हमला था, जिसे जैश मॉड्यूल ने भारतीय एजेंसियों की कार्रवाई के बाद अंजाम दिया। ये जांच दल एसपी और अन्य उच्च रैंक के अधिकारियों के नेतृत्व में काम करेगा।
केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से विस्फोट में आतंकी एंगल को ध्यान में रखते हुए एनआईए को मामले की जांच देने के बाद ये फैसला किया गया है। एनआईए ने इस मामले में तुरंत मामला दर्ज करते हुए इसके पीछे के नेटवर्क और जिम्मेदार लोगों की धरपकड़ के लिए विस्तृत जांच शुरू कर दी है। सूत्रों के मुताबिक एनआईए ने अन्य केंद्रीय और राज्य की सुरक्षा इकाइयों के साथ मिलकर जांच कर रही है।
एनआईए की टीम इस विस्फोट को जानबूझकर किया गया था या दुर्घटनावश हुआ था, के पहलुओं पर भी जांच करेगी। हालांकि यह पहले ही साफ हो चुका है कि ये विस्फोट उसी कड़ी का हिस्सा है, जिसमें एजेंसियों ने फरीदाबाद से विस्फोटक बरामद किया और आतंकी मॉड्यूल के तार जोड़े। एजेंसियों ने ये भी साफ किया कि लाल किले के पास हुआ ब्लास्ट श्रीनगर में कुछ आपत्तिजनक पोस्टर के मामले से जुड़ा है। इस पर नौगाम पुलिस स्टेशन में 19 अक्तूबर, 2025 को एफआईआर दर्ज की गई थी।