कर्नाटक के मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने ब्रिटेन से वहां लौटे एक शख्स के संक्रमित होने की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि ब्रिटेन से लौटे शख्स के संक्रमित होने की जानकारी मिली है। हम सभी गाइडलाइंस का पालन कर रहे हैं। वहां से लौटने वाले हर यात्री को कोरोना जांच करानी अनिवार्य कर दी गई है। कर्नाटक में अभी नाइट कर्फ्यू की आवश्यकता नहीं है।
दिल्ली में छह और चेन्नई में एक यात्री पॉजिटिव
एयर इंडिया के लंदन-दिल्ली उड़ान पर छह यात्रियों को कोविड-19 पॉजिटिव पाया गया है। यह उड़ान सोमवार रात 11.30 बजे दिल्ली में उतरी। इनमें से पांच दिल्ली एयरपोर्ट पर ही संक्रमित पाए गए और एक तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में संक्रमित पाया गया है। स्वास्थ्य विभाग ने मंगलवार को बताया कि यह सैंपल पुणे के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी (एनआईवी) भेजा गया ताकि इसकी जांच की जा सके कि यह वायरस का नया स्ट्रेन है या वही पुराना। यात्री को किंग्स इंस्टीट्यूट हॉस्पिटल भेजा गया है और फिलहाल वह क्वारंटाइन है। तमिलनाडु के स्वास्थ्य सचिव जे राधकृष्णन ने मंगलवार को बताया कि पिछले दस दिनों में जिसने भी ब्रिटेन दौरा किया है। हम उसकी पहचान कर रहे हैं और आरटी-पीसीआर टेस्टिंग कर रहे हैं। हम ब्रिटेन से आने-जाने वाले और वहां रुकने वाले फ्लाइट के सभी यात्रियों की मॉनिटरिंग कर रहे हैं और जो चेन्नई में संक्रमित यात्री है, उनके बारे में यह नहीं कहा जा सकता कि वो ब्रिटेन की नई स्ट्रेन से ही संक्रमित हैं।
ब्रिटेन से कोलकाता पहुंची उड़ान में दो यात्री संक्रमित
कोलकाता एयरपोर्ट पर भी लंदन से लौटे दो यात्रियों के संक्रमित होने की पुष्टि की गई है। ब्रिटेन से कुल 222 यात्रियों को लेकर रविवार को कोलकाता के नेताजी सुभाष चंद्र बोस इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर उड़ान की लैंडिंग हुई। इनमें से 25 के पास कोविड रिपोर्ट नहीं थी, इसलिए इन्हें पास के क्वारंटाइन सेंटर ले जाया गया और जांच कराई कराई गई। इसमें से दो की रिपोर्ट पॉजिटिव पाई गई।
लंदन से अहमदाबाद पहुंचे पांच यात्री संक्रमित
इधर, गुजरात से भी ब्रिटेन से लौटे यात्रियों के संक्रमित पाए जाने की खबर है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, एयर इंडिया की उड़ान लंदन से 233 यात्रियों को लेकर मंगलवार सुबह अहमदाबाद पहुंची। एयरपोर्ट पर कोरोना जांच में एक ब्रिटिश नागरिक समेत पांच यात्री पॉजिटिव पाए गए हैं।
हैदराबाद एयपोर्ट पर आने वाले यात्रियों की जांच जरूरी
तेलंगाना के स्वास्थ्य विभाग के निदेशक डॉ. जी श्रीनिवास राव ने कहा कि राज्य सरकार ने मंगलवार से ही हवाई निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। ब्रिटेन से हैदराबाद आने वाले सातों यात्रियों की जांच गई, सभी की रिपोर्ट नेगेटिव आई है। इन यात्रियों को आइसोलेशन में रखा गया है। हैदराबाद एयपोर्ट पर आने वाले यात्रियों की जांच जरूरी है।
राव ने बताया कि 15 दिसंबर से लेकर मंगलवार तक 358 यात्रियों ने ब्रिटेन से हैदराबसद की यात्रा की है। हम इन यात्रियों की पहचान कर रहे हैं ताकि उनकी कोरोना जांच कर उन्हें पृथकवास में रखा जा सके।
ब्रिटेन में मिले कोरोना वायरस के एन वर्जन के चलते भारत सरकार सतर्क हो गई है। सरकार ने आदेश दिया है कि ब्रिटेन से आने वाले यात्रियों की भारत आने पर कोरोना जांच कराई जाएगी । इनमें से जो भी यात्री संक्रमित पाया जाएगा, उसके लिए अलग से आइसोलेशन की व्यवस्था की जाएगी।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने ब्रिटेन में कोरोना के नए वर्जन के खतरे को देखते हुए वहां से लौटने वाले यात्रियों के लिए 'मानक संचालन प्रक्रिया' (एसओपी) जारी की है। एसओपी के मुताबिक, 21 से 23 दिसंबर के बीच ब्रिटेन से भारत आए यात्रियों में अगर कोरोना का संक्रमण पाया जाता है, तो उन्हें इस खास स्ट्रेन (वायरस का नया रूप) के लिए अलग से जांच करवानी होगी। इसकी जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी। साथ ही यात्रियों को 14 दिनों की यात्रा का विवरण भी देना होगा।
ब्रिटेन से आने वाले यात्री के कोरोना संक्रमित होने पर इन्हें राज्य सरकार के आइसोलेशन सेंटर में रखा जाएगा। नमूनों को जांच के लिए एनआईवी पुणे भेजा जाएगा। अगर संक्रमित व्यक्ति में साधारण कोरोना वायरस पाया जाता है, तो उसे होम आइसोलेशन में भी रखा जा सकता है। अगर व्यक्ति में कोरोना का नया रूप पाया जाता है, तो उसे 14 दिन सरकारी आइसोलेशन में बिताने होंगे। जहां एक बार फिर उसकी कोरोना जांच की जाएगी। 24 घंटे के अंतराल में दो बार नमूनों के निगेटिव आने पर ही व्यक्ति को छुट्टी दी जाएगी। वहीं 25 नवंबर से अब तक ब्रिटेन से भारत आए लोगों की जानकारी ब्यूरो आफ इमिग्रेशन संबंधित राज्य सरकारों को देगा।
ब्रिटेन से मंगलवार को तीन उड़ानें भारत आईं, जिनमें 590 यात्री मुंबई पहुंचे हैं। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इन उड़ानों में से अभी किसी के कोरोना संक्रमित होने की जानकारी नहीं मिली है। बीएमसी के एक अधिकारी ने बताया कि इनमें से 187 यात्री मुंबई के हैं। वहीं 167 महाराष्ट्र के बाकी इलाकों से हैं। जबकि 236 यात्री अन्य राज्यों से हैं। अधिकारी ने कहा कि 299 यात्रियों को विभिन्न होटलों में आइसोलेट किया गया है। वहीं अन्य राज्यों के यात्रियों को उनके गृह राज्य भेजा जाएगा।
बता दें कि ब्रिटेन में कोरोना वायरस का नया स्ट्रेन मिलने के बाद वहां से आने-जाने वाली उड़ानें प्रतिबंधित होने से कई भारतीय परिवार वहां फंस गए हैं। जिन लोगों ने क्रिसमस और नए साल के मौके पर भारत आने की तैयारी की थी, उन्हें अचानक उड़ानें प्रतिबंधित होने की खबर से झटका लगा है। विभिन्न शिक्षण संस्थानों के पूर्व छात्रों और छात्र संगठन से जुड़े लोगों का कहना है कि नए प्रतिबंधों से ब्रिटेन आने-जाने वाले छात्रों पर असर पड़ा है। कई छात्रों ने इस दौरान भारत लौटने की योजना बनाई थी।
ब्रिटेन की आवाजाही पर पाबंदी
भारत ने सोमवार को 23 से 31 दिसंबर तक ब्रिटेन के लिए विमानों की आवाजाही पर रोक लगाने का ऐलान किया ताकि ब्रिटेन में आए कोविड-19 के नए स्ट्रेन का संक्रमण देश में फैलने से रोका जा सके। भारत के अलावा करीब 40 देशों ने ब्रिटेन से आवाजाही पर प्रतिबंध लगा दिया है।वहीं नेपाल ने भी ब्रिटेन से आने वाली उड़ानों पर प्रतिबंध लगा दिया है।