फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना: एसबीआई ने कहा- मौतें कम बताना कोई नई बात नहीं

Thu, 01 Jul 2021 06:23 AM IST
Kuldeep Singh एजेंसी, मुंबई

सार

  • देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक के विशेषज्ञों का दावा है कि 34.5  फ़ीसदी मौतें ऐसे लोगों की हुई जिन्हें कोई इलाज नहीं मिला। बेहतर चिकित्सा सुविधा से जीवन बचाए जा सकते हैं। स्वास्थ्य केंद्र के साथ स्वास्थ्यकर्मियों को इसके लिए तैयार करना होगा तभी ऐसे हालात से बचा जा सकता है।
विज्ञापन
corona in india - फोटो : पीटीआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कोरोना से मौतों की संख्या पर बहस के बीच भारतीय स्टेट बैंक के अर्थशास्त्रियों ने कहा कि भारत में मौतों का कम आंकड़ा पेश करना कोई नया नहीं है। दरअसल, विशेषज्ञों की रिपोर्ट में दावा किया था कि आंकड़ों की तुलना से दस गुना अधिक मौतें हुई हैं। हाल में गंगा में लाशें उतराती मिली थीं। पुलों से शवों को फैंकते वीडियो सामने आए थे। 

विज्ञापन


34.5% मौतें ऐसे लोगों की जिन्हें इलाज नहीं मिला
देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक के विशेषज्ञों का दावा है कि 34.5 फ़ीसदी मौतें ऐसे लोगों की हुई जिन्हें कोई इलाज नहीं मिला। बेहतर चिकित्सा सुविधा से जीवन बचाए जा सकते हैं। स्वास्थ्य केंद्र के साथ स्वास्थ्यकर्मियों को इसके लिए तैयार करना होगा तभी ऐसे हालात से बचा जा सकता है।

कम आय वाले राज्यों में राज्यों में स्थिति खराब
एसबीआई के अनुसार कम आय वाले प्रदेशों में स्थिति ज्यादा खराब है। बिहार, उत्तर प्रदेश, झारखंड ने वर्ष 2019 में सभी तरीकों से मौतों का पंजीकरण 75 प्रतिशत रहा। 11 राज्यों में जन्म का 100% पंजीकरण हुआ।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें