कोरोना वायरस को देखते हुए जारी लॉकडाउन प्रतिबंधों के कारण रूस में फंसे कम से कम 480 भारतीय छात्रों को लेकर एक चार्टर्ड विमान सोमवार को मुंबई पहुंचा। वापस लौटे कुछ छात्रों ने महाराष्ट्र के मंत्री आदित्य ठाकरे को उनकी वापसी में मदद करने के लिए धन्यवाद दिया।
शिवसेना के दक्षिण मुंबई के सांसद अरविंद सावंत ने बताया कि उनसे संपर्क करने वालों छात्रों को उन्होंने सलाह दी कि वे मदद के लिए ठाकरे को ट्वीट करें, क्योंकि ठाकरे कैबिनेट मंत्री होने के साथ ही प्रोटोकॉल विभाग के मंत्री भी हैं। सोमवार को रूस से रॉयल फ्लाइट से लौटे छात्रों में 470 महाराष्ट्र के, चार केंद्र शासित प्रदेश दादरा एवं नागर हवेली के, चार मध्य प्रदेश के और दो गोवा के थे।
उड़ान की व्यवस्था करने वाली दिल्ली की ऑनलाइन टिकट कंपनी निक्स्टूर के निकेश रंजन ने बताया, प्रत्येक छात्र ने यात्रा के लिए 400 डॉलर (लगभग 30,000 रुपये) का भुगतान किया है। उन्होंने कहा कि ठाकरे ने इन छात्रों की वापसी के लिए विदेश मंत्रालय (एमईए), राज्य सरकार और भारतीय दूतावास के साथ समन्वय करने में मदद की।
सस्ती विमानन कंपनी गोएयर ने सोमवार को बताया कि कोरोना महामारी के बीच उसने एक महीने में 100 से अधिक अंतरराष्ट्रीय चार्टर उड़ानों का संचालन कर 18,195 फंसे हुए भारतीयों को सकुशल भारत पहुंचाया। गोएयर ने एक बयान जारी कर कहा कि उसने 10 जून को स्वदेश वापसी के लिए उड़ानों की शुरुआत की और धीरे-धीरे ‘वंदे भारत मिशन’ और निजी अंतरराष्ट्रीय चार्टरों के संयोजन कर इसमें बढ़ोतरी की।
दस जून तक गोएयर ने खाड़ी देशों से 103 अंतरराष्ट्रीय चार्टर उड़ानों के जरिये भारतीयों को लखनऊ, अहमदाबाद, बंगलूरू, चंडीगढ़, चेन्नई, दिल्ली, हैदराबाद, जयपुर, कोच्चि, कोलकाता और मुंबई स्थित घरों तक पहुंचाया।