फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना योद्धा संक्रमण दूर करते हैं, फैलाते नहीं, अपने और दूसरों के मन से दूर करें वहम

Fri, 10 Apr 2020 05:54 AM IST
योगेश साहू न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
कोरोना योद्धा - फोटो : PTI
विज्ञापन

देश के कई हिस्सों में कोरोना योद्धाओं को दो-दो मोर्चों पर युद्ध लड़ना पड़ पर रहा है। एक तरफ वे जहां कोरोना संक्रमण को रोकने में जी जान से लगे हुए हैं, वहीं दूसरी तरफ उन्हें अपने आसपास रहने वाले लोगों के पूर्वाग्रह का भी सामना करना पड़ रहा है।

विज्ञापन


दरअसल, कई लोगों के मन में यह धारणा बैठ गई है कि इन कोरोना योद्धाओं और संक्रमण के बाद स्वस्थ हो चुके लोगों से उन्हें संक्रमण होने का खतरा है। स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि कोरोना योद्धाओं के साथ ही समुदाय विशेष व जगह विशेष को लेकर भी तरह तरह की अफवाहें चल रही हैं, जो कि सभ्य समाज के लिए किसी कलंक से कम नहीं है।

वक्त रहते अगर ठोस कदम न उठाए गए तो स्थिति और बिगड़ सकती है और आने वाले दिनों में इससे समाज में खाई बढ़ सकती है जिससे कानून व्यवस्था बिगड़ने के साथ ही अराजकता की स्थिति पैदा हो सकता है।
विज्ञापन


प्रामाणिक स्रोत से ही लें जानकारी
केवल प्रमाणिक सूचनाओं व खबरों जो कि भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय या फिर डब्ल्यूएचओ की साइट पर हों उन्हें को साझा करें। सोशल मीडिया पर कोई भी सूचना साझा करने से पहले उसे क्रॉस चेक करें। सकारात्मक सूचना साझा करें।

विज्ञापन

इन बातों का रखें ध्यान

  • कोरोना बहुत ही संक्रमणकारी बीमारी है। यह तेजी से फैलती है। बचने का सबसे बड़ा मंत्र सोशल डिस्टेंसिंग व साफ सफाई है। इसके लिए अपने हाथों को लगातार साफ करते रहें। खांसते या छींकते वक्त मुंह को ढंके।
  • सुरक्षा उपाय अपनाने के बाद भी अगर कोई इसकी चपेट में आ जाता है तो घबराने की जरूरत नहीं। पीड़ित और उसके परिवार का पूरा सहयोग करें।
  • कोरोना योद्धाओं, जैसे स्वास्थ्य कर्मी, पुलिस, सफाई कर्मचारी जो कि इस संकट की घड़ी में नि:स्वार्थ सेवा कर रहे हैं। उनको हेयदृष्टि से देखने के बजाय समर्थन के साथ उनकी हौसलाअफजाई की जाए। निशाना बनाने से लड़ाई कमजोर होगी, इसलिए इनके कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा होने की जरूरत है।
  • जो भी व्यक्ति संक्रमित या क्वारंटीन है उसकी पहचान को गुप्त रखें। न तो उनका नाम और न ही उनके स्थान का जिक्र करें ताकि उनकी पहचान हो सके।
  • भय एवं दहशत न फैलाए, किसी भी समुदाय या क्षेत्र को कोरोना संक्रमण फैलाने के लिए चिह्नित न करें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें