आईसीएमआर के दुर्गापुर सेंट्रल मेकेनिकल इंजीनियरिंग इंस्टीट्यूट ने कोरोना के खिलाफ अग्रिम मोर्चे पर तैनात स्वास्थ्यकर्मियों की मदद के लिए एक रोबोट विकसित किया है। नर्सिंग रोबोट एचसीएआरडी स्वचालित है। इसके अलावा इसे कंट्रोल भी किया जा सकता है। 80 किलो वजनी इस रोबोट की कीमत करीब पांच लाख रुपये हैं। यह मरीजों को खाना देने के साथ जांच के लिए उनका सैंपल भी लेने में सक्षम है।
इंस्टीट्यूट के निदेशक डॉ. हरीश हिरानी ने कहा, अस्पतालों में मरीजों की देखभाल को बनाया गया यह रोबोट कोरोना के खिलाफ जंग में काफी मददगार साबित हो सकता है। इसकी सहायता से मेडिकल व नर्सिंग स्टाफ सीधे संक्रमण की चपेट में आने से बचेंगे।