अरुणाचल प्रदेश में कोविड-19 के 256 नए मामले प्रकाश में आए हैं। इससे यहां कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़कर 42820 हो गई है। वहीं, एक 95 वर्षीय महिला की मौत से यहां कोविड-19 से मरने वालों की तादाद बढ़कर 202 हो गई।
राज्य निगरानी अधिकारी लोबसंग जम्पा ने सोमवार को इस बाबत जानकारी देते हुए कहा कि पूर्वोत्तर राज्य में अब 4,211 सक्रिय मामले हैं और 38,407 लोग बीमारी से उबर चुके हैं। कोविड निमोनिया से यहां रामकृष्ण मिशन अस्पताल में बुजुर्ग महिला की मौत हो गई। राजधानी में सबसे अधिक 105 मामले दर्ज किए गए।
इसके बाद लोअर सुबनसिरी में 30 मामले, लोहित में 25 मामले, पापुमपारे और लेपराडा में 16-16 मामले, तवांग में 12 मामले और निचली दिबांग घाटी में 11 मामले हैं। अधिकारी ने कहा कि राज्य में ठीक होने की दर 89.69 प्रतिशत और सकारात्मकता दर 6.29 प्रतिशत है।
जम्पा ने कहा कि कुल मिलाकर कोविड-19 के अब तक 8,58,884 नमूनों का परीक्षण किया गया है, जिसमें रविवार से 4,065 शामिल हैं। इस बीच, राज्य टीकाकरण अधिकारी दिमोंग पदुंग ने कहा कि अरुणाचल प्रदेश में अब तक कुल 7,76,841 लोगों को टीका लगाया गया है।
बता दें कि आईसीएमआर ने कहा है कि देश में कोरोना महामारी की तीसरी लहर दो-तीन सप्ताह बाद ही आ सकती है। इसके पीछे जिम्मेदार भीड़ होगी, न कि दूसरी लहर की तरह किसी राज्य का कोई चुनाव। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के मुख्य संक्रामक रोग विशेषज्ञ डॉ. समीरन पांडा ने यह आशंका जताते हुए कहा, अगस्त से देश में कोरोना की तीसरी लहर दिखाई दे सकती है।
पांडा ने गणितीय आकलन के आधार पर आशंका जताई है कि आगामी लहर में रोजाना के मामलों में करीब 50 फीसदी की बढ़ोत्तरी हो सकती है। अगस्त में आने वाली लहर के दौरान रोजाना एक लाख से अधिक मामले सामने आ सकते हैं।
हालांकि, दूसरी लहर की तुलना में यह काफी कम है, क्योंकि मई के पहले सप्ताह के दौरान देश में रोजाना चार लाख से भी अधिक मामले सामने आए थे। मौजूदा स्थिति देखें तो औसतन 40 से 45 हजार मामले रोजाना सामने आ रहे हैं। इसी के हिसाब से विशेषज्ञों ने तीसरी लहर में कोरोना के नए मामलों में 50 फीसदी बढ़ोतरी का अनुमान जताया है।