सूरत के सिविल अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में कोरोना संदिग्ध गर्भवती महिला की नॉर्मल डिलीवरी करवाई गई। डिलीवरी के बाद मां और बच्चे का सैंपल लिया गया और जांच के लिए लैब भेज दिया गया है। दोनों की रिपोर्ट अभी नहीं आई है। मां और बच्चे दोनों की हालत सामान्य है। बच्चे का एनआईसीयू में इलाज चल रहा है। नवजात का वजन 1.8 किग्रा है।
डॉक्टरों ने बताया कि लिंबायत निवासी 34 वर्षीय महिला साढ़े आठ महीने की गर्भवती थीं। कोरोना के लक्षण का पता लगने पर उन्हें 108 एंबुलेंस से सिविल अस्पताल लाया गया था। यहां आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कर उनका इलाज शुरू किया गया।
डॉक्टर ने बताया कि कोरोना के संदिग्ध मरीज की देखभाल भी हम एक पॉजिटिव मरीज की तरह ही करते हैं। इसलिए आईसोलेशन वार्ड में ही गायनिक विभाग के डॉक्टर आए और प्रसव के लिए सारा सेटअप तैयार किया गया। उसके बाद वार्ड में ही नॉर्मल डिलीवरी कराई गई।
108 एंबुलेंस कर्मियों ने एंबुलेंस में ही नॉर्मल डिलीवरी
करवाई
सूरत में हजीरा के पास स्थित भट्टलाई गांव निवासी 24 वर्षीय अर्चना राजपूत को देर रात प्रसव पीड़ा शुरू हुई। मंगलवार सुबह 10 बजे उनके पति ने 108 एंबुलेंस को फोन कर इसकी जानकारी दी।
108 एंबुलेंस के ईएमटी मनहर राठौर और पायलट अतीक शेख मौके पर पहुंचे और अर्चना को लेकर अस्पताल के लिए रवाना हुए, लेकिन रास्ते में ही अर्चना की प्रसव पीड़ा तेज हो गई, हालात को देखते हुए दोनों ने तत्काल अपने उच्च अधिकारियों से संपर्क कर एंबुलेंस में ही नॉर्मल डिलीवरी करवाई।