कोरोना महामारी से सबसे ज्यादा प्रभावित महाराष्ट्र को भी अन्य राज्यों की तरह नए साल में कोरोना वैक्सीन की सौगात मिलने वाली है। दो जनवरी को महाराष्ट्र में भी टीकाकरण के लिए होने वाली रिहर्सल की तैयारियां करीब-करीब पूरी हो चुकी हैं। लेकिन इसमें देश की आर्थिक राजधानी मुंबई शामिल नहीं है।
दरअसल, इसके जरिए टीकाकरण की व्यवस्थाओं के सटीक आकलन और इसमें आने वाली चुनौतियों को जानने के लिए पूर्वाभ्यास किया जाता है। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने बताया कि दो जनवरी को सूबे के जिन चार जिलों को टीकाकरण के ड्राय रन के लिए चुना गया है उनमें पश्चिम महाराष्ट्र में पुणे, विदर्भ में नागपुर, मराठवाड़ा में जालना और उत्तर महाराष्ट्र में नांदुरबार शामिल हैं।
जालना स्वास्थ्य मंत्री टोपे का गृह जिला है। टोपे ने बताया कि इन चार जिलों में तीन स्थानों (स्वास्थ्य केंद्र) पर ड्राय रन किया जाएगा। कोरोना टीकाकरण के ड्राय रन में प्रत्येक केंद्र पर 25 लोगों को टीकाकरण के लिए चयनित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के मार्गदर्शन में टीकाकरण के ड्राय रन की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। टीकाकरण केंद्र पर बिजली और इंटरनेट की सुविधा के अलावा अलग से सुरक्षा प्रतिरक्षा कक्ष, टीकाकरण कक्ष और निरीक्षण कक्ष बनाया गया है।
स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने बताया कि पश्चिम महाराष्ट्र के पुणे में औंध जिला अस्पताल, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मान और पिपंरी चिंचवड़ महानगरपालिका क्षेत्र के जीजामाता अस्पताल में टीकाकरण का ड्राय रन केंद्र बनाया गया है। इसी तरह नागपुर में डागा अस्पताल, ग्रामीण अस्पताल कामटी और नागपुर महानगरपालिका क्षेत्र में शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में ड्राय रन होगा।
वहीं, जालना जिले में जिला अस्पताल, उपजिला अस्पताल अंबड और बदनापुर तालुका के शेलगांव प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सहित नादुरबार जिले में जिला अस्पताल, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आष्टे और नवापुर उपजिला अस्पताल में टीकाकरण का रिहर्सल होगा।