कोरोना वायरस संक्रमण की दूसरी लहर से बुरी तरह प्रभावित रहे मुंबई में अप्रैल के दौरान मरीजों के घटने के बावजूद ऑक्सीजन की मांग में बहुत ज्यादा कमी दिखाई नहीं दी। मुंबई में 20 अप्रैल से एक मई के दौरान 12 दिन में करीब 2784 मीट्रिक टन ऑक्सीजन कोरोना मरीजों को उपलब्ध कराई गई।
बृहन मुंबई नगर निगम (बीएमसी) के आयुक्त आईएस चहल ने कोरोना महामारी के प्रसार पर नियंत्रण के लिए उठाए गए कदमों का ब्योरा देते हुए केंद्रीय उद्योग व व्यापार मंत्रालय को 11 दिन की ऑक्सीजन खपत और संक्रमित मरीजों का आंकड़ा भेजा है।
चहल ने मंत्रालय को लिखे पत्र में बताया कि मुंबई में अप्रैल के दूसरे सप्ताह में सबसे ज्यादा कोरोना मरीजों का आंकड़ा सामने आया था। इसके चलते अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या के कारण ऑक्सीजन की बड़े पैमाने पर खपत दर्ज की गई थी। इसके चलते तत्काल ऑक्सीजन प्रबंधन के लिए खास प्रोटोकॉल तय किया गया।
चहल के मुताबिक, इस खास प्रोटोकॉल के कारण तीसरे सप्ताह में ऑक्सीजन की खपत पूरी तरह काबू में आ गई। उन्होंने मंत्रालय के साथ 20 अप्रैल से एक मई तक हर दिन की ऑक्सीजन खपत और कोविड मरीजों की संख्या का ब्योरा भी साझा किया है, जिसमें हर दिन 220 से 245 मीट्रिक टन के बीच ही ऑक्सीजन खपत रहने का आंकड़ा दिया गया है।