फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना से जंग: गांवों में स्वयं सहायता समूहों के 3.5 करोड़ सदस्यों ने थामी संक्रमण की रफ्तार

Wed, 09 Jun 2021 03:31 AM IST
देव कश्यप अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली

सार

  • स्वयं सहायता समूहों के 3.5 करोड़ सदस्यों ने ग्रामीण इलाकों में थामी कोरोना की रफ्तार, ग्रामीण विकास मंत्रालय ने चलाया था प्रशिक्षण अभियान
विज्ञापन
ग्रामीणों की आरटी-पीसीआर जांच करते स्वास्थ्यकर्मी (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

देश के छह लाख से ज्यादा गांवों में स्वयं सहायता समूहों के 3.5 करोड़ सदस्यों और 3.5 लाख सामुदायिक समूहों ने कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर को थामने में अहम भूमिका निभाई है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के ये सजग प्रहरी ग्रामीणों को प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने, ब्लैक फंगस के बारे में जागरूकता और टीकों को लेकर ग्रामीण अंचलों में फैली भ्रांतियों को दूर कर रहे हैं।

विज्ञापन


दरअसल, कोरोना के गांवों में बढ़ते मामलों के बीच ग्रामीण विकास मंत्रालय ने संक्रमण की जंग में स्वयं सहायता समूहों के सात करोड़ सदस्यों के लिए प्रशिक्षण अभियान चलाया था। मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इसी का परिणाम है कि कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर ग्रामीण इलाकों में भी थमती नजर आ रही है। अप्रैल के अंतिम सप्ताह में हुए इस प्रशिक्षण में राज्य स्तर के चुने हुए 3.5 लाख नुमाइंदों को विभिन्न स्तरों पर प्रशिक्षण देकर भेजा गया था।

इन लोगों को गांवों में रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए किए जाने वाले उपाय, ब्लैक फंगस से बचने के उपाय, गांवों में टीके की उपयोगिता की जानकारी और लोगों को वैक्सीन लगवाने के लिए प्रेरित करने के लिए बाकायदा ट्रेनिंग दी गई। इन प्रशिक्षित लोगों ने कम समय में जिला स्तर और वहां से स्वयं सहायता समूहों को प्रशिक्षण दिया।
विज्ञापन


इसका नतीजा है कि आठ जून तक देश के ग्रामीण इलाकों में स्वयं सहायता समूहों के सात करोड़ सदस्यों में से 3.5 करोड़ सदस्य ग्रामीण अंचलों में सक्रिय हो गए। ये सदस्य गांवों में कोरोना संक्रमण से बचाव और संक्रमण होने पर प्राथमिक उपचार और हालत गंभीर होने पर अस्पताल पहुंचाने में सक्रियता के साथ योगदान दे रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें