कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि अगर वह पार्टी अध्यक्ष निर्वाचित होते हैं तो ‘उदयपुर घोषणा पत्र' को लागू करेंगे। बता दें कि 'उदयपुर घोषणा पत्र' कई प्रस्तावों का कलेक्शन है। इसे मई महीने में राजस्थान के उदयपुर में हुए कांग्रेस के 'चिंतन शिविर' में स्वीकृति दी गई थी। शनिवार को कांग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव प्रचार करने हैदराबाद पहुंचे खरगे ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि वह सामूहिक नेतृत्व और विचार विमर्श में विश्वास रखते हैं।
कांग्रेस का नेतृत्व युवा नेता करने के सुझावों के बीच खरगे ने कहा कि वह 50 साल से कम उम्र के लोगों को पार्टी के 50 प्रतिशत पदों की पेशकश के उदयपुर घोषणा के प्रस्ताव को लागू करेंगे। 80 वर्षीय खरगे ने कहा कि एक युवा नेता को कांग्रेस का नेतृत्व करना चाहिए। तेलंगाना में सत्तारूढ़ टीआरएस का नाम बदलकर भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) करने और राष्ट्रीय होने का फैसला करने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि कई क्षेत्रीय दलों ने खुद को 'अखिल भारतीय' का टैग दिया है।
यह है कांग्रेस का उदयपुर घोषणा पत्र
मई माह में कांग्रेस ने राजस्थान के उदयपुर में चिंतन शिविर का आयोजन किया था। शिविर के समापन पर जारी घोषणा पत्र में संगठनात्मक सुधार के तहत ‘एक व्यक्ति एक पद’ की नीति अपनाने की बात कही गई। साथ ही पार्टी का नेतृत्व युवाओं को देने और अन्य प्रस्ताव चुनाव के लिए टिकट बंटवारे और पदाधिकारियों के कार्यकाल से संबंधित थे।
17 अक्तूबर को होगा मतदान
मतदान 17 अक्टूबर को होगा और मतों की गिनती 19 अक्टूबर को होगी और परिणाम उसी दिन घोषित किए जाएंगे। चुनाव में 9,000 से अधिक प्रदेश कांग्रेस कमेटी (पीसीसी) के प्रतिनिधि मतदान करेंगे।
चुनाव तय करेंगे पार्टी का भविष्य
कांग्रेस नेता शशि थरूर ने कहा कि 2014 और 2019 में हमारी पार्टी को केवल 19% वोट मिलें। अगर हम इस वोट को नहीं बढ़ाएंगे तो 2024 में अधिक वोट कैसे आएंगे। मैं मानता हूं कि कांग्रेस हाईकमान ने जो तय किया कि हम चुनाव करवाकर ही पार्टी के भविष्य को तय करेंगे, यह बहुत अच्छा निर्णय है।