कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी एक 'अल्पमत' सरकार का नेतृत्व कर रहे हैं, जो अपने सहयोगियों जेडीयू और तेदेपा के समर्थन के बिना काम नहीं कर सकती। इस दौरान खरगे ने भाजपा के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार की लंबी उम्र पर सवाल खड़ा किया और भविष्यवाणी करते हुए दावा किया कि यह सरकार आज या कल में गिर जाएगी।
पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की 80वीं जयंती के अवसर पर मुंबई में मंगलवार को एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम कांग्रेस के दोनों सहयोगी दल शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे और एनसीपी (सपा) अध्यक्ष शरद पवार ने भाग लिया। कांग्रेस अध्यक्ष खरगे ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि विपक्षी गठबंधन इंडिया ने हाल के लोकसभा चुनाव में भाजपा को करारा जवाब देते हुए उसकी सीटों की संख्या को 240 तक सीमित कर दिया। इंडिया ब्लॉक में पार्टियों की संख्या बढ़ने से भाजपा की योजनाएं प्रभावित हुई हैं। उन्होंने भाजपा की पहले की पूर्ण बहुमत सरकार का जिक्र करते हुए कहा, जो कानून पहले बिना परामर्श पारित किए जा रहे थे, अब गठबंधन मजबूत होने के कारण वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2024 जैसे प्रस्तावित कानूनों को आगे की जांच के लिए संयुक्त सांसदीय पैनल के पास भेजना पड़ा।
महाराष्ट्र ने लोकसभा चुनाव में मोदी को दिया जोर का झटका: खरगे
कांग्रेस अध्यक्ष खरगे ने कहा, महाराष्ट्र ने लोकसभा चुनावों में मोदी को इतना जोर का झटका दिया कि भाजपा अपने दम पर बहुमत हासिल करने में विफल रही। भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए को महाराष्ट्र की 48 लोकसभा सीटों में से केवल 17 ही मिलीं, जबकि महा विकास अघाड़ी (एमवीए) ने 30 पर जीच हासिल की।
खरगे ने कहा, 'अब, वह (प्रधानमंत्री और उनकी सरकार का जिक्र करते हुए) अपने पैरों पर (खड़े) नहीं हैं। उनकी (मोदी की) सरकार के अब दो पैर हैं- एक है टीडीपी और दूसरा जेडीयू। यदि दोनों पैर चले गए तो मोदी चल-फिर नहीं सकते, काम नहीं कर सकते। यह अल्पमत सरकार है। ये लोग लंबे समय तक देश नहीं चला सकते। आज या कल वे ढह जाएंगे।'
केंद्रीय जांच एजेंसियों के कथित दुरुपयोग का किया जिक्र
खरगे ने इस दौरान भाजपा विरोधी खेमे के नेताओं के खिलाफ केंद्रीय जांच एजेंसियों के कथित दुरुपयोग का भी जिक्र किया। कहा, 'तुम्हें परिणाम भुगतना होगा। किसी दिन आपकी स्थिति भी वैसी ही होगी जैसी आप विपक्षी दलों के साथ करते हैं। उन्हें (भाजपा को) अहंकार और घमंड छोड़ देना चाहिए।' खरगे ने घोषणा की कि संविधान बचाना अभी भी विपक्ष के लिए एक शीर्ष मुद्दा बना हुआ है। कहा कि संविधान को बचाने के लिए अकेले सांसद पर्याप्त नहीं हैं। उन्हें विधायकों के समर्थन की भी जरूरत है।
कांग्रेस अध्यक्ष ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव की ओर इशारा करते हुए राज्य में विपक्षी एमवीए, जिसमें कांग्रेस, शिवसेना (यूबीटी) और एनसीपी (सपा) शामिल हैं, को संदेश दिया कि महाराष्ट्र को दिल्ली से चलाने की अनुमति दें।