इस साल के अंत में होने वाले गुजरात विधानसभा चुनावों में कांग्रेस अपनी प्रचारनीति में बड़ा बदलाव कर सकती है। कांग्रेस ने साइबर कैंपेन के जरिए सशक्त रणनीति तैयार की है। इसी के मद्देनजर अहमदाबाद में 40 कार्यकर्ताओं वाला एक साइबर रूम तैयार किया गया है, जो पार्टी की न के बराबर साइबर उपस्थिति को धीरे-धीरे बढ़ाएंगे।
पार्टी अध्यक्षा सोनिया गांधी के राजनीतिक सलाहकार अहमद पटेल की उपस्थिति में पार्टी के साइबर सेल ने बड़ा कार्यक्रम आयोजित किया। कांग्रेस सोशल मीडिया के लिए तीनों स्तर पर कंटेट तैयार करेगी। कांग्रेस आईटी सेल के संयोजक रोहन गुप्ता ने कहा, "शुरुआत में हम भाजपा के मेनिफेस्टो के किए गए वादों पर ध्यान देंगे और देखेंगे उन्होंने कितना काम किया है। इसके अलावा हम गुजरात में भाजपा द्वारा किए गए न्याय का भी जिक्र करेंगे।"
सोनिया गांधी और अहमद पटेल (कांग्रेस)
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2012 में बीजेपी ने इसी तरह से कांग्रेस और यूपीए सरकार पर हमला किया था। गुप्ता ने कहा कि वो अपने नए नारे 'नवसृजन गुजरात' के तहत अपनी बात जनता तक पहुंचाएंगे। साथ ही उन्होंने कहा कि भाजपा के राज में गुजरात ने काफी कुछ भुगता है और अब उसे कांग्रेस के राज में वापिस ठीक करने की जरूरत है। इसके अलावा उन्होंने कहा कि इस बार पार्टी लोकल मु्द्दों को ध्यान में रखकर काम करेगी और हर जिले के अनुसार अपना घोषणापत्र तैयार करेगी।
इसके अलावा एक लोकल सॉफ्टवेयर के जरिए इस सेल के सदस्यों के सोशल मीडिया सक्रियता और हरकतों पर भी निगरानी र।खी जा रही है। रोहन ने कहा, "पार्टी के सेल सदस्यों को हर पोस्ट, लाइक, शेयर आदि के लिए अंक दिए जाएंगे। जितने ज्यादा अंत, कार्यकर्ता के लिए उतना फायदा। इसके जरिए उनका कद तय किया जा सकता है।"
इसके अलावा उन्होंने संकेत दिए कि आने वाले समय में पेशेवर कंपनियों की मदद भी ली जा सकती है। इस तरह पार्टी की हलचल हर एक ब्लॉक और विधानसभा क्षेत्र तक पहुंचाया जाएगा। कांग्रेस ने हर बूथ पर एक सक्रिय सदस्य को जिम्मेदारी देने की बात की है।