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अय्यर बोले- मोदी को हराना कांग्रेस के बूते का नहीं, 2019 में करना होगा महागठबंधन

Thu, 16 Mar 2017 02:50 PM IST
amarujala.com- Written by: अजय कुमार सिंह
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मणिशंकर अय्यर - फोटो : ANI
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कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मणिशंकर अय्यर ने कहा है कि आनेवाले लोकसभा चुनाव में बिहार की तर्ज पर महागठबंधन जरूरी है, तभी बीेजेपी को शिकस्त दी जा सकती है। न्यूज एजेंसी एएनआई से बातचीत में उन्होंने कहा कि यूपी में अगर मायावती, सपा और कांग्रेस का गठबंधन हुआ होता, तो परिणाम कुछ और ही निकलकर आते। साथ ही उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेतृत्व में बदलाव लाने की आवश्यकता है।
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अय्यर ने कहा कि मोदी के आने के बाद कांग्रेस लगातार देश में घटती जा रही है। साथ ही पार्टी में बदलाव की भी बात कही। उन्होंने कहा कि पार्टी में युवाओं को महासचिव बनाए जाने की जरूरत है। साथ ही जो महासचिव बुजुर्ग हो चुके हैं, उन्हें कांग्रेस वर्किंग कमिटि में काम करें।

उन्होंने कहा कि यूपी के रिजल्ट की बात करें तो सपा, कांग्रेस और बसपा का वोट प्रतिशत बीजेपी से ज्यादा है। इसलिए बीजेपी को हराने के लिए बिहार की तर्ज पर महागठबंधन जरूरी है। अकेले कांग्रेस मोदी से मुकाबला नहीं कर सकती।  
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There is a need to bring change in Congress leadership: Mani Shankar Aiyar, Congress pic.twitter.com/tmOMJWNBi0 — ANI (@ANI_news) March 16, 2017
Humara jo sthaan hai desh ki rajneeti mein woh ghat ta jaa raha hai: Mani Shankar Aiyar, Congress pic.twitter.com/U7JOkFgUk6 — ANI (@ANI_news) March 16, 2017 The General Secretaries need to be the young people and the old experienced people should be in the Congress working committee: MS Aiyar — ANI (@ANI_news) March 16, 2017 गौरतलब है कि गोवा प्रभारी दिग्विजय सिंह के खिलाफ पार्टी के विधायक और वरिष्ठ नेता खुलकर आ गए हैं। कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने भी स्पष्ट तौर पर कहा था कि पार्टी में जल्द ही संगठनात्मक और ढांचागत परिवर्तन किए जाएंगे और ये जरूरत है। 

पार्टी में दस जनपथ के करीबी जिम्मेदार पदों पर बैठे नेताओं की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सत्यव्रत चतुर्वेदी के इस बयान कि सर्जरी का समय गुजर चुका है ने आग में घी का काम किया है।

कांग्रेस के हाथ में आए गोवा और मणिपुर राज्य देखते-देखते भाजपा के पास चले गए। कांग्रेस में भाजपा नेताओं के बयान कि कांग्रेस ने देर की और दावा पेश नहीं किया को गंभीरता से लिया गया है। पार्टी के भीतर कुछ नेताओं ने राहुल गांधी से मिलकर गोवा और मणिपुर में पार्टी नेताओं की सक्रियता पर सवाल उठाए हैं।

लिहाजा गोवा के प्रभारी एवं महासचिव दिग्विजय सिंह और मणिपुर के प्रभारी महासचिव सीपी. जोशी पर सवाल उठ रहे हैं। मीडिया से बातचीत में राहुल गांधी ने भी स्वीकार किया कि सवाल ये नहीं कि हमने जल्दी दावा क्यों नहीं किया। उन्होंने ये बात, भाजपा की ओर से धनबल से बहुमत हासिल करने की बात पर कही।
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