तेलंगाना में सत्तारूढ़ तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) ने संकेत दिए हैं कि तीसरे मोर्चे की सरकार बनाने में कांग्रेस की मदद भी ली जा सकती है। पार्टी का कहना है, कि कांग्रेस ड्राइविंग सीट मांगने की बजाय तीसरे मोर्चे की सरकार को समर्थन दे।
टीआरएस प्रवक्ता आबिद रसूल खान ने मंगलवार को कहा, ‘संख्या बल कम रहेगा तो हमारी पार्टी कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी से बातचीत के लिए तैयार है। लेकिन पार्टी प्रमुख के चंद्रशेखर राव इस बात पर दृढ़ हैं कि सरकार तीसरा मोर्चा ही चलाएगा। प्रधानमंत्री पद भी तीसरे मोर्चे में शामिल दलों में से ही किसी के पास रहेगा।’ खान ने कहा कि तीसरा मोर्चा किसी भी सूरत में भाजपा का समर्थन नहीं करेगा।
उप प्रधानमंत्री बनना चाहते हैं केसीआर
टीआरएस का दावा है कि कांग्रेस 180-200 सीटें नहीं जीत पाई तो डीएमके तीसरे मोर्चे में शामिल हो सकती है। केसीआर ने सोमवार को डीएमके प्रमुख स्टालिन से मुलाकात की थी और उन्हें तीसरे मोर्चे में शामिल होने का न्यौता दिया। वहीं, स्टालिन ने उन्हें यूपीए में आने की बात कही। बताया जा रहा है कि केसीआर ने यूपीए में शामिल होने के लिए सरकार बनने पर खुद के उप प्रधानमंत्री बनने की इच्छा जताई।