जंतर-मंतर पर पुलिस कार्रवाई के बाद सोनम वांगचुक को अस्पताल में भर्ती कराया गया। कांग्रेस ने इसे शांतिपूर्ण विरोध के लोकतांत्रिक अधिकार का दमन बताते हुए केंद्र सरकार और पर निशाना साधा। पार्टी ने आरोप लगाया कि सरकार विरोध की आवाज दबा जा रही है।
कांग्रेस ने शनिवार को जंतर-मंतर पर हुई पुलिस कार्रवाई की आलोचना की। इस कार्रवाई के बाद से कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को अस्पताल में भर्ती कराया गया। कांग्रेस का आरोप है कि यह सरकार की उस मानसिकता को दर्शाता है कि शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन एक मौलिक लोकतांत्रिक अधिकार नहीं है जिसे संरक्षित किया जाना चाहिए। सरकार के लिए यह कानून-व्यवस्था की समस्या है जिसे कुचल दिया जाना चाहिए।
कांग्रेस ने क्या कहा?
वांगचुक क्यों कर रहे थे भूख हड़ताल?
एनईटी परीक्षा में कथित अनियमितताओं और विवाद से जुड़े छात्रों की कथित मौतों के विरोध में सीजेपी के नेतृत्व में हो रहे विरोध प्रदर्शन के समर्थन में वांगचुक और एआईएसए के तीन कार्यकर्ता 28 जून से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं। पिछले तीन हफ्तों से उनके स्वास्थ्य में लगातार गिरावट देखी जा रही थी।