गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज में हुई दिल दहला देने वाली घटना को लेकर यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने अस्पताल का दौरा कर पीड़ितों से मुलाकात की। प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा कि लापरवाही की इन मौतों पर बड़ी कार्रवाई होगी, दोषियों को ऐसी सजा मिलेगी जो मिसाल बनेगी। इस दौरान उनके साथ केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा भी मौजूद थे। इस घटना पर केंद्र ने राज्य सरकार से रिपोर्ट मांगी है।
उन्होंने आगे कहा कि इंसेफलाइटिस को लेकर हमने समय-समय पर चर्चा की है, मैंने यह लड़ाई सड़क से लेकर संसद तक लड़ी है। इस बीमारी के खिलाफ मिलकर लड़ाई करनी होगी। पीएम ने डॉक्टरों की टीम भी गोरखपुर भेजी है। इस पूरी घटना की जांच जरूरी है। इस मामले की पूरी जांच होगी।
Let reports of probe committee come. Assure you, if anyone's negligence caused death of a person, in any part of UP,he won't be spared:UP CM pic.twitter.com/2zrt2jrSnv
— ANI UP (@ANINewsUP) August 13, 2017
आपको बता दें कि गोरखपुर के बीआरडी अस्पताल में बच्चों की मौत का सिलसिला जारी है। शुक्रवार को गोरखपुर के बाबा राघवदास मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन की कमी होने की वजह से 32 बच्चों की मौत हो गई। पिछले 7 दिनों में मौत का आंकड़ा 60 के पार पहुंच चुका है। सीएम योगी खुद तीन दिन पहले ही इस अस्पताल का दौरा कर चुके हैं, लेकिन फिर भी इतनी बड़ी घटना हो गई।
पढ़ें:- भीतर घुट रही थी सांसें, बाहर टूट रही थी आस, गोरखपुर हादसे से जुड़ी बड़ी बातें
गोरखपुर ‘मौत कांड’ की होगी मजिस्ट्रेट जांच: योगी
बता दें कि सीएम योगी ने गोरखपुर 'मौतकांड' के मजिस्ट्रेट जांच के आदेश पहले ही दे दिए हैं। मरने वाले बच्चों के परिवार के प्रति संवेदना जताते हुए योगी ने कहा था कि दोषियों को बिल्कुल भी बख्शा नहीं जाएगा। ऑक्सीजन सप्लायर की भूमिका की भी जांच होगी।
पढ़ें:- गोरखपुर में 63 मौतों पर PM की नजरें, स्वास्थ्य मंत्री नड्डा ने CM योगी से की बात
ऑक्सीजन सप्लाई की कमी से नहीं हुईं मौतें: सिद्धार्थनाथ सिंह
गोरखपुर में हुई दिल दहला देने वाली घटना पर अब यूपी के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह का बयान सामने आया है। सिद्धार्थनाथ सिंह ने मौतों के आंकड़ा देते हुए कहा कि हर साल अगस्त के महीने में बच्चों की मौतें होती रही हैं और मौतें गैस सप्लाई की कमी से नहीं हुई हैं। आगे उन्होंने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ के दौरे के वक्त किसी ने ऑक्सीजन सप्लाई का मुद्दा नहीं बताया।