अंश उप्रैती, उम्र 11 साल। इस बालक को ब्लड कैंसर है। इलाज के लिए पिछले तीन सालों में इसके माता-पिता ने घर, जेवर तक बेच दिया। यहां तक कि चार-पांच लाख रुपये कर्जा भी हो गया। मम्मी पापा की ऐसी हालत देख अंश ने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री तक फरियाद पहुंचाई। सीएम अखिलेश यादव के आदेश पर बालक के इलाज की व्यवस्था लखनऊ के एसजीपीजीआई में कराई गई है।
बुधवार को अंश माता-पिता के साथ रवाना होगा। अपर निदेशक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण डा. एचएस दानू ने बताया कि बच्चे को लखनऊ भर्ती कराया जाएगा, सीएमओ को भेजकर परिवारीजनों को अवगत करा दिया है। बता दें कि पेशे से मजदूर कृष्णदत्त महीने में बमुश्किल पांच-छह हजार रुपये कमा पाते हैं। पत्नी पूजा का पूरा समय लाल की देखरेख में गुजर जाता है।
कृष्णदत्त बताते हैं कि आठ साल की उम्र में अंश को बुखार आया, प्लेटलेट्स कम होने लगे। दिल्ली लेकर पहुंचे, जहां जांच के बाद ब्लड कैंसर बताया। ये सुन उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। गोकुलपुरा का मकान बेचा, ककरैठा में बड़ी बहन पुष्पा तो कभी आवास विकास रहने वाले रिश्तेदार श्यामलाल के यहां रहना पड़ा।