तेल रिसाव की सफाई में लगे कर्मी
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तट के पास तेल रिसाव की बढ़ती चिंताओं के बीच केंद्र ने शनिवार को कहा कि 65 टन गाद निकाली जा चुकी है और साफ-सफाई का 90 फीसदी काम पूरा हो चुका है। वहीं सरकार का कहना है कि रिसाव पर लगातार नजर रखी जा रही है। केंद्र ने यह भी यकीन जताया कि साफ-सफाई का काम कुछ दिन में पूरा हो जाएगा।
इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन समेत कई अन्य कंपनियां तेल की गाद को सुरक्षित तरीके से निपटाने के लिए विशेष जैव-उपचार सामग्री उपलब्ध करवा रही हैं। आधिकारिक विज्ञप्ति में कहा गया, ‘2 फरवरी तक हटाई गई गाद की कुल मात्रा 65 टन है। ऐसा माना जाता है कि तेल रिसाव की मात्रा और प्राप्त हुई गाद की मात्रा के बीच बड़ा अंतर है। इसके पीछे की वजह यह है कि तेल जम जाता है और जब इसे पानी और रेत के साथ निकाला जाता है तो यह फूल जाता है।’
इसमें कहा गया, ‘90 फीसदी से अधिक काम पूरा हो चुका है और गाद निकालने का अधिकतर काम कुछ दिन में पूरा हो जाने की संभावना है।’ मालूम हो कि 28 जनवरी को कांचीपुरम में कामराजार बंदरगाह के बाहर दो जहाज एमटी बीडब्ल्यू मैपल और एमटी डॉन कांचीपुरम आपस में टकरा गए थे। इसके बाद रिसाव शुरू हो गया था।