नरेंद्र मोदी, अमित शाह (फाइल फोटो)
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सत्ता-संग्राम में ऐतिहासिक जीत दर्ज करने के बाद भाजपा के संगठन और मोदी सरकार के स्वरूप में व्यापक बदलाव होना तय है। कार्यकाल पूरा होने के कारण पार्टी अध्यक्ष अमित शाह सरकार का अंग बन सकते हैं। ऐसे में उनकी जगह नये चेहरे को संगठन की कमान मिलना तय है। वहीं, पीएम नरेंद्र मोदी को अस्वस्थ चल रहे वरिष्ठ मंत्रियों अरुण जेटली और सुषमा स्वराज के भविष्य का फैसला करना होगा। इन सबके बीच, संघ का एक धड़ा नई सरकार में उप प्रधानमंत्री का पद चाहता है।
अपने दम पर फिर से बहुमत हासिल करने के कारण पीएम मोदी पर मंत्रिमंडल का स्वरूप तय करने को लेकर कोई दबाव नहीं होगा। प्रचंड जनादेश ने सहयोगियों द्वारा दबाव डालने की संभावना पहले ही खत्म कर दी है, मगर भावी राजनीति के लिए पीएम मोदी अपनी नई टीम में सहयोगियों को महत्व देना नहीं छोड़ेंगे। पीएम मोदी राजग का आकार बढ़ाने के लिए अन्य दलों के समक्ष भी मंत्रिमंडल में शामिल होने का प्रस्ताव रख सकते हैं। इसके अलावा जदयू जैसे अहम सहयोगी ने सरकार में शामिल होने की इच्छा जताई है।
शाह और वरिष्ठ मंत्रियों की नई भूमिका अहम चुनौती
मोदी के समक्ष शाह की नई भूमिका और मंत्रिमंडल में वरिष्ठ मंत्रियों की नई भूमिका तय करनी होगी। अध्यक्ष का कार्यकाल खत्म होने के बाद शाह को मंत्रिमंडल में उनके कद के अनुरूप बड़ी जिम्मेदारी देनी होगी। अहम सवाल यह है कि क्या अस्वस्थ चल रहे अरुण जेटली और सुषमा स्वराज जैसे दिग्गज फिर मंत्रिमंडल में अपनी भूमिका निभाएंगे या नहीं? इसके अलावा क्या दिग्गज मंत्रियों राजनाथ सिंह और नितिन गडकरी के पुरानी जिम्मेदारियों में भी बदलाव होगा? बतौर विदेश मंत्री सुषमा ने सरकार की अलग छाप छोड़ी है तो जेटली सरकार के साथ-साथ पार्टी के मुख्य रणनीतिकारों में शामिल हैं। वरिष्ठ मंत्री मेनका गांधी अपनी जगह अपने पुत्र वरुण गांधी को मंत्रिमंडल में जगह देने की इच्छा जता सकती हैं। रामविलास पासवान इस बार खुद की जगह अपने पुत्र चिराग पासवान को मंत्री बना कर अपनी विरासत सौंपना चाहते हैं।
अध्यक्ष के लिए जेपी नड्डा के नाम की चर्चा
बतौर अध्यक्ष अमित शाह को कार्यकाल पहले ही खत्म हो चुका है। ऐसे में इस पद के लिए मोदी की पहली पसंद शाह की तरह ही मेहनती और कुशल रणनीतिकार चेहरा होगा। माना जा रहा है कि शाह को मंत्रिमंडल में शामिल करने के बावजूद मोदी परोक्ष तौर पर संगठन की देखरेख का जिम्मा देंगे। वैसे इस पद के लिए फिलहाल केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा का नाम आगे चल रहा है।