बंगाल शिक्षक घोटाला मामले में कोर्ट ने सोमवार को एक बार फिर पूर्व मंत्री और तृणमूल से निष्कासित पार्थ चटर्जी की जमानत अर्जी एक बार फिर खारिज कर दी और उनकी न्यायिक हिरासत 14 दिन और बढ़ा दी। अलीपुर कोर्ट ने पार्थ सहित 7 लोगों को 12 दिसंबर तक जेल में रखने का आदेश दिया है।
पार्थर के वकील ने उम्र और बीमारी के आधार पर जमानत के लिए अर्जी दी। उन्होंने दावा किया कि पूर्व शिक्षा मंत्री का नाम प्राथमिकी में नहीं है। पाँच नाम थे। जिनमें से तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य दो का नाम चार्जशीट में है। लेकिन कोई गिरफ्तारी नहीं हुई।
सीबीआई की ओर से तर्क दिया जा रहा है कि दोनों व्यक्ति जांच में सहयोग कर रहे हैं। इस दौरान पार्थ के वकीलों ने कहा कि पार्थ राजनीतिक षडयंत्र का शिकार हुए हैं।