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सीबीआई-ईडी को पता था कहां छिपे थे चिदंबरम, जानबूझ कर नहीं किया गिरफ्तार!

Wed, 21 Aug 2019 02:13 PM IST
Harendra Chaudhary जितेंद्र भारद्वाज, अमर उजाला
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chidambaram - फोटो : PTI
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यूपीए सरकार में गृह मंत्री और वित्त मंत्री रह चुके पी.चिदंबरम गिरफ्तारी से बचने के लिए जांच एजेंसियों से जान बचाते फिर रहे हैं। लेकिन जानकर हैरानी होगी कि मंगलवार की रात वे कहां छुपे हुए थे, इसकी जानकारी जांच एजेंसियों को भी थी। दिल्ली हाईकोर्ट से अग्रिम जमानत खारिज होने के बाद चिदंबरम जोरबाग स्थित अपने आवास 115ए पर नहीं पहुंचे थे और सीबीआई और ईडी उन्हें गिरफ्तार करने उनके घर पहुंची थी। 

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नॉर्थ एवेन्यू स्थित एक घर में थे चिदंबरम

सूत्रों का कहना है कि चिदंबरम मंगलवार की रात कहां ठहरे थे, जांच एजेंसियों को यह मालूम था। जांच एजेंसी के सूत्रों ने दावा किया है कि एक खुफिया एजेंसी ने चिदंबरम के ठिकाने की स्टीक जानकारी दे दी थी। सूत्रों का कहना है कि वे नॉर्थ एवेन्यू स्थित एक घर में ठहरे हुए थे। जांच एजेंसियां अगर चाहतीं तो चिदंबरम को आसानी से गिरफ्तार किया जा सकता था। वहीं शाम तक उनका फोन भी चलता रहा और इस मामले में सभी आदेश ऊपर से आ रहे थे।

केवल डर पैदा करना था मकसद

वहीं जिस तरह चिदंबरम के आवास पर सीबीआई और ईडी की टीम पहुंची थी, उनका मकसद केवल एक डर पैदा करना था।हालांकि जांच एजेंसी ने उनके आवास के बाहर नोटिस लगाकर दो घंटे में उन्हें एजेंसी के समक्ष पेश होने के लिए कहा था। सीबीआई की एक टीम बुधवार सुबह से ही चिदंबरम के आवास पर मौजूद है। उनके खिलाफ लुकआउट नोटिस भी जारी कर दिया गया है।

बैरंग लौटी टीमें

बता दें कि मंगलवार को आईएनएक्स मीडिया मामले में दिल्ली उच्च न्यायालय से अग्रिम जमानत याचिका खारिज होने के बाद सीबीआई टीम पी. चिदंबरम के आवास पर पहुंची थी। उस वक्त कहा गया कि चिदंबरम वहां पर मौजूद नहीं हैं। जांच एजेंसी के अधिकारियों ने नोटिस जारी कर उन्हें दो घंटे में पेश होने का निर्देश दिया था। इसके कुछ देर बाद ईडी की टीम भी वहां पहुंच गई। लिहाजा पूर्व वित्तमंत्री वहां नहीं थे, इसलिए देर रात दोनों टीमें बैरंग लौट आईं।

बीच रास्ते में बदली कार

सूत्रों का कहना है कि मंगलवार शाम तक पी. चिदंबरम सुप्रीम कोर्ट में मौजूद थे। वहां से निकलने के बाद वे जोरबाग स्थित आवास पर नहीं पहुंचे। उन्हें यह भनक लग चुकी थी कि जांच एजेंसियां उनकी गिरफ्तारी कर सकती हैं। वे सुप्रीम कोर्ट से जिस गाड़ी में चले थे, वह उनके आवास पर पहुंच गई, लेकिन चिदंबरम बीच रास्ते में ही किसी दूसरी गाड़ी में सवार हो गए। करीब आठ बजे तक उनका फोन भी चालू रहा। उसके बाद फोन भी बंद हो गया।

जांच एजेंसियों  को रात 11 बजे मिली भनक

इस मामले में दिल्ली पुलिस की खुफिया इकाई की भी मदद ली गई। जांच एजेंसियों ने रात करीब 11 बजे यह पता कर लिया था कि पूर्व वित्तमंत्री कहां ठहरे हैं। सूत्रों का कहना है कि जांच एजेंसी को अगर आदेश मिलता तो वे उन्हें गिरफ्तार कर सकते थे। हो सकता है कि सरकार इस मामले में सुप्रीम कोर्ट का रुख जानने के बाद कोई कदम उठाना चाह रही हो। चिदंबरम ने बुधवार सुबह सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर अंतरिम संरक्षण की मांग की थी।

जल्द सुनवाई की मांग की थी

कोर्ट नंबर तीन में जस्टिस एन.वी. रमना के सामने याचिका दाखिल कर इस मामले की जल्द सुनवाई की मांग की गई थी। इस पर जस्टिस रमना ने कहा कि वह इस याचिका को मुख्य न्यायाधीश के पास भेज रहे हैं, वे ही तय करेंगे कि याचिका पर सुनवाई कब होगी। अब कहा जा रहा है कि दोपहर बाद इस मामले पर सुनवाई होगी।

 

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