चुनाव आयोग ने बिहार विधानसभा चुनावों की तारीखों के साथ सात अन्य राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में उपचुनाव के लिए वोटिंग की तारीखों का एलान किया। बिहार में दो चरणों में 6 और 11 नवंबर को मतदान होने हैं। वोटों की गिनती 14 नवंबर को होनी है। इसके अलावे, जम्मू कश्मीर की दो विधानसभा सीटों और झारखंड, तेलंगना, पंजाब, मिजोरम और ओडिसा की एक-एक विधानसभा सीट पर उपचुनाव होने हैं। आइए इस बारे में विस्तार से जानते हैं।
बिहार चुनाव के साथ जम्मू कश्मीर, राजस्थान और झारखंड में भी उपचुनाव
भारत निर्वाचन आयोग ने जम्मू-कश्मीर, राजस्थान, झारखंड, तेलंगाना, पंजाब, मिजोरम और ओडिशा की कुल 8 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव की तारीखों का एलान किया है। इन उपचुनावों की अधिसूचना 13 अक्टूबर 2025 को जारी की जाएगी। नामांकन की अंतिम तिथि जम्मू-कश्मीर और ओडिशा के लिए 20 अक्टूबर, जबकि अन्य राज्यों के लिए 21 अक्तूबर तय की गई है। नामांकन पत्रों की जांच 22 अक्तूबर (राजस्थान में 23 अक्तूबर) को होगी, और उम्मीदवारी वापस लेने की अंतिम तारीख 24 अक्तूबर (राजस्थान में 27 अक्टूबर) है। मतदान 11 नवंबर 2025 (मंगलवार) को होगा और मतगणना 14 नवंबर 2025 (शुक्रवार) को की जाएगी।
चुनाव आयोग को बिहार चुनाव के साथ क्यों कराना पड़ रहा उपचुनाव?
जम्मू-कश्मीर की बडगाम सीट से उमर अब्दुल्ला के इस्तीफे और नगरोटा सीट पर देवेंद्र सिंह राणा के निधन के कारण उपचुनाव हो रहे हैं। राजस्थान की अंता सीट पर विधायक कंवरलाल की अयोग्यता, झारखंड की घाटशिला सीट पर रामदास सोरेन, तेलंगाना की जुबली हिल्स पर मगंती गोपीनाथ, पंजाब की तरनतारन सीट पर डॉ. कश्मीर सिंह सोहल, मिजोरम की डांपा सीट पर लालरिन्तलुआंगा सायला और ओडिशा की नुआपाड़ा सीट पर राजेंद्र ढोलकिया के निधन के कारण ये सीटें रिक्त हुई हैं।
बिहार में 7.43 करोड़ वोटर करेंगे मतदान के अधिकार का इस्तेमाल
243 विधानसभा सीटों के लिए दो चरण में- 6 नवंबर और 11 नवंबर को मतदान होगा। 14 नवंबर को नतीजे आएंगे। पहले चरण में 6 नवंबर को 121 सीटों पर वोटिंग होगी। वहीं दूसरे चरण में 11 नवंबर को 122 सीटों पर वोटिंग होगी। इस बार राज्य में कुल 7.43 करोड़ मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। इनमें लगभग 14 लाख नए मतदाता शामिल हैं, जो पहली बार वोट डालेंगे।