विवादों से घिरे तीनों कृषि कानूनों के मुद्दे पर कई विपक्षी दलों के हंगामे के कारण लोकसभा की कार्यवाही गुरुवार को आरंभ होने के करीब 15 मिनट बाद शाम पांच बजे तक के लिए स्थगित हो गई है।
राज्यसभा की कार्यवाही कल सुबह 9 बजे तक के लिए स्थगित हो गई है।
राज्यसभा में तृणमूल कांग्रेस के सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने कहा, 'सरकार कई स्तरों पर भारत को असफल कर चुकी है, वह अपने अहंकार के कारण संसद की पवित्रता को बनाए रखने में विफल रही। 20 सितंबर, 2020 को किसानों के लिए खड़े सात सांसदों को निलंबित कर दिया गया था। मैं उन किसानों के साथ एकजुटता के साथ खड़ा हूं जिन्होंने अपनी जान गंवाई।'
जनता दल सेक्युलर के सांसद और पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा ने कहा, हम गणतंत्र दिवस पर कुछ उपद्रवियों की कार्रवाई की निंदा करते हैं, लेकिन किसान इसके लिए जिम्मेदार नहीं हैं। उन्हें सजा नहीं मिलनी चाहिए। विरोध स्थल पर कंक्रीट की दीवारें लगाने के केंद्र के फैसले से मदद नहीं मिलेगी। सरकार को मामले को शांतिपूर्ण तरीके से समाप्त करना चाहिए। कृषि कानून राज्य का विषय है, यह समवर्ती सूची में है। राज्य सरकार की राय भी लेनी होगी।
राज्यसभा में पूर्व कांग्रेसी नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया भाजपा की तरफ से कृषि कानूनों पर मोर्चा संभाल रहे हैं। उन्होंने कांग्रेस को उसका घोषणा पत्र याद दिलाया। पार्टी पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि हमें जुबान बदलने की आदत बदलनी होगी। देश के साथ यह खिलवाड़ कब तक चलेगा। संबोधन के दौरान सिंधिया ने कांग्रेस के अपने पुराने साथियों को भी सुनाया। आपातकाल का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति के अनुरोध पर पूरी जनता ने स्वेच्छा से लॉकडाउन का पालन किया।
शिरोमणि अकाली दल की सांसद हरसिमरत कौर बादल ने कहा, 'हम यहां इसलिए आए हैं ताकि हम इस मुद्दे (किसानों के विरोध) पर संसद में चर्चा कर सकें। स्पीकर हमें इस मुद्दे को उठाने नहीं दे रहे हैं। अब सभी पक्ष इस बात का विवरण देंगे कि यहां क्या हो रहा है।'
प्रदर्शनकारी किसानों से मिलने के लिए गाजीपुर बॉर्डर पर पहुंचे विपक्षी सांसदों को पुलिस ने रोक दिया है।
विपक्षी सांसदों का प्रतिनिधिमंडल गाजीपुर सीमा पर पहुंच गया है।
एनसीपी सांसद सुप्रिया सुले ने कहा, 'हम किसानों से मिलने के लिए जा रहे हैं। हम सभी किसानों का समर्थन करते हैं, हम सरकार से किसानों के साथ बातचीत करने का अनुरोध करते हैं और उनके साथ न्याय किया जाना चाहिए।'
विपक्षी नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल गाजीपुर जा रहा है। जहां किसान कृषि कानूनों के विरोध में प्रदर्शन कर रहे हैं। इस प्रतिनिधिमंडल में एनसीपी सांसद सुप्रिया सुले, डीएमके सांसद कनिमोझी, शिरोमणि अकाली दल सांसद हरसिमरत कौर बादल और टीएमसी सांसद सौगत रॉय शामिल हैं। बता दें कि प्रतिनिधिमंडल में आठ दलों के नेता शामिल हैं।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ऊपरी सदन में जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन संशोधन विधेयक पेश करेंगे। आज की राज्यसभा की कार्यसूची में यह विषय शामिल है।
देश में बढ़ती बेरोजगारी को लेकर कांग्रेस सांसद छाया वर्मा और समाजवादी पार्टी के सांसद विशंभर प्रसाद ने राज्यसभा में अल्पकालिक चर्चा का नोटिस दिया।
विदेश मंत्रालय ने लोकसभा में कहा, '2006 में स्थापित संस्थागत विशेषज्ञ स्तर तंत्र के तहत और राजनयिक चैनलों के माध्यम से चीन के साथ सीमा पार नदियों से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की जाती है। हम अपने हितों की रक्षा के लिए सीमा पार नदियों के मुद्दे पर चीन के साथ बातचीत करते रहने का इरादा रखते हैं।'
राज्यसभा की कार्यवाही शुरू हो गई है।