कोरोना के कारण लगे लॉकडाउन में सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) ने जब बॉर्डर के निकटवर्ती इलाकों के लिए मोबाइल एटीएम लगाया तो लोगों की खुशी का कोई ठिकाना न रहा। लॉकडाउन से पहले इन लोगों को एटीएम के लिए आसपास के कस्बे में जाना पड़ता था। सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले लोगों ने जब गुवाहाटी फ्रंटियर पर तैनात बीएसएफ की 38 वीं वाहिनी के अधिकारियों को अपनी समस्या बताई तो उन्होंने स्थानीय प्रशासन से अनुरोध कर लोगों के लिए मोबाइल एटीएम की सुविधा शुरु करा दी। ये सेवा अभी लॉकडाउन अवधि के लिए है। बॉर्डर के निकटवर्ती गांवों में इसे बारी-बारी ले जाएगा।
बीएसएफ प्रवक्ता के अनुसार, पश्चिम बंगाल के कूचबिहार जिले के दिनहाटा थाना क्षेत्र के कई गांवों में लोगों को नकदी की परेशानी हो रही थी। लॉकडाउन के चलते वे निकटवर्ती कस्बे या शहर में नहीं जा सकते। बैंक और एटीएम ज्यादातर शहरों में ही स्थित हैं।
बीएसएफ कई दिनों से इलाके में कोरोना से बचाव का अभियान शुरु किए हुए है, उसके अधिकारियों ने लोगों की इस समस्या पर तुरंत गौर किया। उन्होंने इलाके के सिविल अफसरों से बात की। प्रशासन ने बीएसएफ के अनुरोध पर गांव में मोबाइल एटीएम की सुविधा शुरु करने को मंजूरी दे दी।
इसके बाद ओखराबारी बैंक की एक टीम बॉर्डर पर पहुंच गई। उनके साथ गैर-सरकारी संगठन का सदस्य भी मौजूद था। सीमा सुरक्षा बल की मदद से सीमावर्ती गांव जरीधराला-2, में सुबह साढ़े नौ बजे से दोपहर एक बजे तक मोबाइल एटीम की सुविधा प्रदान की गई। बीएसएफ प्रवक्ता के मुताबिक, ये लोग सीमावर्ती इलाकों में तारबंदी के उस पार बसे हैं। इनके पास नगदी खत्म हो चुकी थी।
पिछले शुक्रवार को सुविधा के पहले दिन सीमावर्ती गांव के लगभग 20 लोगों ने खुशी पूर्वक मोबाइल एटीम सेवा का फायदा उठाया। लोगों ने इस दौरान कोविड-19 से बचने के लिए जारी किए गए सभी दिशा-निर्देशों का पालन किया। बीएसएफ ने सभी लोगों को मास्क आदि वितरित किए।