वो ट्रेन का इंतजार कर रहा था कि उसकी नजर ट्रेन की पटरियों पर पड़ी जहां एक आदमी खून से लथपथ पड़ा था। तभी उसने देखा कि उसी ट्रैक पर ट्रेन आ रही है। उसने अपनी जान की परवाह किए बिना ही ट्रेन को रोकने के लिए ट्रैक पर खड़ा हो गया और उस घायल व्यक्ति की जान बचा ली।
मामला मुंबई के चरनी रोड स्टेशन का है। 26 साल के एमबीए के छात्र श्रवण प्रेम तिवारी ट्रेन के इंतजार में प्लैटफॉर्म नंबर 4 पर खड़े थे कि तभी उसकी नजर ट्रैक पर गिरे हुए उस घायल आदमी पर पड़ी और वह आनन फानन में ट्रैक की तरफ दौड़ पड़ा। उसने देखा कि वह आदमी खून से लथपथ ट्रैक पर गिरा हुआ है उसके सिर और पैरों से खून बह रहा है। आ रही ट्रेन को रोकने के लिए तब तक हाथ हिलाता रहा जब तक ट्रेन रुक नहीं गई।
तिवारी ने बताया कि जब मैंने उसे देखा तो मुझे लगा वो मर चुका है लेकिन जैसे ही मैंने उसके नाक के पास उंगली रखी मुझे उसकी सांसें चल रही थी। मैं जैसे ही उसके लिए मदद मांगने को मुड़ा मैंने देखा कि मरीन लाइंस से ट्रेन स्टेशन की तरफ आ रही है।