बॉम्बे हाईकोर्ट की औरंगाबाद बेंच ने शिवसेना के विधायक और महाराष्ट्र सरकार के कपड़ा, मत्स्य एवं पशु संवर्धन राज्य मंत्री अर्जुन खोतकर का चुनावी हलफनामा रद्द कर दिया है। कोर्ट ने मामले की सुनवाई के दौरान पाया कि 2014 में अर्जुन खोतकर ने नॉमिनेशन दाखिल करने की तारीख खत्म होने के बाद हलफनामा आयोग को दिया था।
हाईकोर्ट ने खोतकर को 4 हफ्ते का वक्त दिया है जिसमें वो हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट की शरण ले सकते हैं। पूर्व विधायक कैलाश गोरंटयाल ने अर्जुन पर भ्रष्टाचार और चुनाव में धांधली का आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट में याचिका दी थी।
याचिका में आरोप लगाया गया था कि अर्जुन ने पिछले चुनाव में धांधली के जरिए जीत हासिल की थी। 2014 में अर्जुन 216 मतों से जीते थे। अपने 25 साल के करियर में खोतकर कई अहम पदों पर भी काम कर चुके हैं। वो जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष के तौर पर भी काम कर चुके हैं।
इसके अलावा वो सरकारी चीनी मिल में भी संचालक के पद पर रह चुके हैं। 1990 में पहली बार अर्जुन चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे थे।
पढ़ें: मुंबई: भिवंडी में तीन मंजिला इमारत गिरी, 1 की मौत, मलबे में कई फंसे