कोरोना महामारी के साथ अब ब्लैक फंगस (म्यूकॉरमायकोसिस) से भी लड़ाई तेज हो गई है। अमेरिकी फार्मा कंपनी गिलीड साइंसेज ने कहा है कि वो ब्लैक फंगस से जूझ रहे भारत को एम्फोटेरिसिन-बी इंजेक्शन के दस लाख वॉयल मुहैया कराएगा। कंपनी के अनुसार अब तक इंजेक्शन की कुल 1,21,000 वॉयल भारत को दी जा चुकी है। 85 हजार वॉयल जल्द ही मिल जाएगी। इसके बाद अन्य वॉयल की भी आपूर्ति जल्द होगी।
कोरोना के साथ अब ब्लैक फंगस से जूझ रहे महाराष्ट्र में ही इंजेक्शन का उत्पादन शुरू हो गया है। महाराष्ट्र की फार्मा कंपनी जेनेटिक लाइस साइंसेज ने बृहस्पतिवार से एम्फोटेरेसिन-बी इंजेक्शन का उत्पादन शुरू कर दिया है। 31 मई से कंपनी इस इंजेक्शन का वितरण शुरू कर देगी।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने ट्वीट कर बताया कि भारत में अब तक सिर्फ एक कंपनी इस इंजेक्शन का उत्पादन कर रही थी। अच्छी बात ये है कि जेनेटिक लाइफ साइंसेज में बनने वाला एम्फोटेरिसिन इंजेक्शन मरीजों को 1200 रुपये में मिलेगा जो सात से आठ हजार रुपये प्रति वॉयल की तुलना में काफी सस्ता है।