आंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण करते मोदी।
यूपी चुनाव में भारी जीत से बीजेपी का मनोबल बढ़ा हुआ है। वह अपने जीत के फॉर्मुले को मजबूत करने की कोशिश कर रही है। इसी के तहत वह अपने कोर वोटबैंक में दलितों को जोड़ने के लिए हर प्रयास कर रही है।
अपनी नई योजनाओं के मद्देनजर बीजेपी 14 अप्रैल को भीमराव अंबेडकर की जयंती पर दलितों के साथ 'जन भोजन कार्यक्रम' आयोजित करने जा रही है। इसके साथ ही पार्टी एक सीरीज में कार्यक्रम भी करने वाली है, जिसकी शुरुआत छह अप्रैल से हो गई है। इसका समापन 14 अप्रैल को होगा।
इंडिया टुडे ने बीजेपी यूपी प्रवक्ता चंद्र मोहन के हवाले से लिखा है, पहले भी हम लोकल यूनिट में आंबेडकर की जयंती मनाते रहे हैं। उस दौरान हम उनके मूर्तियों पर माला चढ़ाकर उन्हें याद करते थे। लेकिन, इस बार हमने तय किया है कि उनके विचारओं को जन-जन तक पहुंचाएंगे।
उन्होंने बताया कि कार्यक्रम को ज्यादा प्रभावशाली बनाने के लिए और इसकी पहुंच नीचे तक ले जाने के लिए पार्टी मंडल स्तर पर जन भोजन कार्यक्रम का आयोजन कर रही है। इसमें पार्टी के शीर्ष नेता भी शीरकत करेंगे। इसका मकसद जाति आधारित मतभेद को दूर करना है।
उन्होंने कहा कि आरएसएस और बीजेपी जातिवाद के खिलाफ अपने रुख पर कायम है और उनके साथ भोजन करना अपने स्टैंड को दिखाने का एक माध्यम है। हमारे संस्था में संस्कृति ही रही है कि लोगों को उनके पहले नाम से बुलाया जाए।