भाजपा नेता और राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने आज दावा किया कि 2018 तक अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण होगा। उन्होंने कहा कि मुसलमानों का मंदिर स्थल के आसपास रहने देने का आधार बहुत ही कमजोर है।
स्वामी ने कहा, यह पुरातात्विक खोजों से साबित हुआ है कि इस स्थल पर मस्जिद बनने से पहले हिंदू मंदिर मौजूद था। मंदिर के अवशेषों के ऊपर ही मस्जिद का निर्माण किया गया।
उन्होंने आगे कहा कि कुल 40 हजार मंदिरों को भारत में मुस्लिमों द्वारा तोड़ दिया गया और हिंदू केवल तीन स्थलों अयोध्या, मथुरा और काशी के बारे में बात कर रहे हैं।
भाजपा नेता ने आगे कहा कि सरयू नदी के पार मुसलमानों के लिए एक मस्जिद का निर्माण किया जा सकता है। उन्होंने दोहराया कि विवादित स्थल पर केवल राम मंदिर का निर्माण किया जा सकता है। स्वामी ने आगे कहा कि मथुरा और काशी के मंदिरों के निर्माण की भी जरूरत है।
उन्होंने कहा, 'राम मंदिर पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला इस साल के अंत तक आ जाएगा। हमारे 40 हजार मंदिरों को तोड़ा गया। अगर मुसलमान अपनी इच्छा से मथुरा, अयोध्या, काशी के मंदिर की जगह को छोड़ देते हैं तो हम बाकी मंदिरों की जगह नहीं मांगेंगे। अगर वे नहीं मानेंगे तो 40 हजार मंदिरों को तोड़कर जो निर्माण किया गया था, वह हम वापस ले लेंगे। उन्हें समझौता कर लेना चाहिए।