पुणे पुलिस ने इस साल 1 जनवरी को भीमा कोरेगांव हिंसा मामले में माओवादियों से कथित तौर पर जुड़ाव के लिए मुंबई, नागपुर और दलित कार्यकर्ता सुधीर धावले सहित पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। पुणे पुलिस के संयुक्त पुलिस आयुक्त रविंद्र कदम ने बताया, ‘हमने भीमा कोरेगांव हिंसा मामले में पांच लोगों को गिरफ्तार किया है।'
पुणे पुलिस ने मुंबई, नागपुर और दिल्ली से की गिरफ्तारी
पहली नजर में सभी पांचों के माआवादियों से जुड़ाव का पता चला है। मामले में उनकी संलिप्तता देखी जा रही है। इसकी जांच की जाएगी कि क्या इन लोगों ने हिंसा भड़कायी थी। बुधवार सुबह एक साथ कई छापे के दौरान धावले को मुंबई में उनके घर से गिरफ्तार किया गया। वकील सुरेंद्र गाडलिंग, एक्टिविस्ट महेश राउत और शोमा सेन को नागपुर से और केरल के रहने वाले 47 वर्षीय रोना विल्सन को दिल्ली में मुनिरका स्थित उनके फ्लैट से गिरफ्तार किया गया।
धावले एल्गार परिषद के आयोजकों में थे। शनिवारवडा में 31 दिसंबर को भीमा कोरेगांव लड़ाई के 200 साल पूरे होने के अवसर पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। विश्रामबाग थाने में दर्ज प्राथमिकी के अनुसार कबीर कला मंच के कार्यकर्ताओं ने कथित तौर पर भड़काऊ भाषण दिए थे जिसके कारण जिले के कोरेगांव भीमा में हिंसा हुई।