आरक्षण खत्म करने की मांग को लेकर सोशल मीडिया के जरिये बुलाया गया भारत बंद बेअसर रहा। मध्य प्रदेश और राजस्थान के कुछ हिस्सों में दुकानें बंद रहीं। दोनों राज्यों के संवेदनशील इलाकों में धारा-144 लागू कर दी गई थी। मोबाइल इंटरनेट सेवा भी बंद कर दी गई थी। बिहार और उत्तर प्रदेश में छिटपुट घटनाओं को छोड़कर जनजीवन सामान्य रहा।
उत्तर प्रदेश-बिहार में कुछ जगह हुईं झड़पें, ट्रेन रोकने की भी हुई कोशिश
2 अप्रैल को कई दलित संगठनों ने आरक्षण को लेकर भारत बंद किया था। बंद के दौरान हुई हिंसा में 11 लोगों की मौत हो गई थी। जवाब में मंगलवार के भारत बंद का पंजाब और हरियाणा में मिलाजुला असर रहा। उत्तर प्रदेश के चंदौली, गाजीपुर और बलिया में कई स्टेशनों पर ट्रेनें रोकी गईं।
पंजाब, हरियाणा, गुजरात, राजस्थान, मध्य प्रदेश में रहा मिलाजुला असर
मुगलसराय दानापुर रेल मार्ग पर ट्रेनों का आवागमन दोपहर दो बजे तक बंद रहा। सहारनपुर व मुजफ्फरनगर में मोबाइल इंटरनेट बंद रहा। गुजरात में भी कुछ इलाकों में व्यापारियों ने बाजार बंद रखा। बिहार में प्रदर्शन कर रहे लोगों ने ट्रेन रोकने की कोशिश की।
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में स्कूल खुले रहे, लेकिन कुछ स्कूलों ने बस सेवा बंद कर दी थी। दिन में मध्य प्रदेश के मुरैना और भिंड में कर्फ्यू रहा। ग्वालियर, भोपाल, सागर और कुछ संवेदनशील इलाकों में धारा-144 लगाई गई। ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई थी। गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को ही सभी राज्यों को सुरक्षा इंतजाम बढ़ाने की एडवाइजरी जारी की थी।