कर्नाटक के बंगलूरू में एक व्यक्ति ने अपने ही 12 साल के बेटे को फांसी पर लटका दिया। जिसके बाद उसकी मौत हो गई। रविवार सुबह हुई इस पूरी वारदात को उसकी बेटी फोन में रिकॉर्ड कर रही थी। आरोपी की पत्नी भी घटनास्थल पर मृत पाई गई।
इस मामले पर पुलिस कमिश्नर टी सुनील कुमार का कहना है कि 48 वर्षीय सुरेश बाबू को अपने बेटे की हत्या करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है। सुरेश एक निजी कंपनी के लिए काम करता है। पुलिस का मानना है कि उसकी पत्नी गीता बाई (45) ने कथित तौर पर आत्महत्या की है।
वहीं कुल पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है। कई को हिरासत में भी लिया गया है। पुलिस कमिश्नर का कहना है कि ये परिवार विभूतीपुरा की पहली मंजिल पर रहता था। आरोपी की 17 साल की बेटी ने चिल्लाते हुए लोगों को बुलाया और वीडियो भी बनाई। जिसके चलते आरोपी खुद को नहीं मार सका। साथ ही उसकी बेटी की भी जान बच गई।
व्हाइटफील्ड के डिप्टी पुलिस कमिश्नर अब्दुल अहद का कहना है कि इस परिवार ने खुद को खत्म करने का इसलिए सोचा क्योंकि ये लोग आर्थिक समस्या से जूझ रहे थे और इनके पड़ोसी इनपर पैसे लौटाने का दबाव बना रहे थे। उन्होंने कहा, "जब उन्हें पैसे वापस करने को पड़ोसियों ने कहा तो परिवार ने खुद को मारने का सोचा। इसकी शुरुआत सुरेश बाबू ने अपने 12 साल के बेटे को मारने से की। इसके बाद उसकी पत्नी ने भी आत्महत्या कर ली।"
इस घटना का जो वीडियो वायरल हो रहा है कि उसमें एक शख्स को टेबल पर खड़ा हुआ देखा जा सकता है। जो अपने बेटे की गर्दन पर चादर लपेट रहा है। महिला भी जमीन पर बैठी है, और उसके बेटे की फिर मौत हो जाती है।
पुलिस ने पड़ोसियों के अलावा एक पत्रकार के खिलाफ भी मामला दर्ज किया है। पुलिस का कहना है, "जब गीता बाई और उनके बेटे का अंतिम संस्कार हो रहा था, तो एक पत्रकार को सुरेश के फोन में संवेदनशील वीडियो रिकॉर्डिंग मिलीं, जिसे उसने शेयर कर दिया।" जिसके बाद उसके खिलाफ आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।
पुलिस अधिकारी का कहना है कि पड़ोसियों के खिलाफ भी मामला दर्ज हुआ है, जो परिवार को पैसों के लिए मजबूर कर रहे थे। पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया और दो से तीन को हिरासत में भी लिया गया है।