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'केंद्र से टकराव की वजह से पिछड़ा बंगाल': CM शुभेंदु अधिकारी बोले- विरोध की राजनीति ने राज्य को बहुत पीछे किया

Sun, 23 Aug 2026 03:17 PM IST
प्रशांत तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला

सार

पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने रविवार को राज्य की पिछली सरकारों पर केंद्र के साथ मिलकर काम नहीं करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में लंबे समय तक केंद्र सरकार और उसके विभिन्न विभागों के साथ सहयोग करने की इच्छाशक्ति नहीं दिखाई गई, जिसका खामियाजा राज्य को भुगतना पड़ा।
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CM शुभेंदु अधिकारी - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने पिछली सरकारों पर केंद्र के साथ सहयोग नहीं करने का आरोप लगाते हुए कहा कि इसकी वजह से राज्य को काफी नुकसान हुआ। उन्होंने 34 साल के कम्युनिस्ट शासन और 15 साल के TMC शासन के दौरान केंद्र के साथ टकराव की राजनीति का आरोप लगाया। शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि अब ‘डबल इंजन’ सरकार पूरी रफ्तार से काम कर रही है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के नेतृत्व में बंगाल को विकसित करने का प्रयास जारी है। इस दौरान GRSE और यंत्र इंडिया लिमिटेड की पांच ब्राउनफील्ड विस्तार परियोजनाओं की आधारशिला भी रखी गई।

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‘पिछली सरकारों में केंद्र के साथ सहयोग की इच्छा नहीं थी’
शुभेंदु अधिकारी ने कहा, “पश्चिम बंगाल की पिछली सरकार में केंद्र सरकार या उसके विभिन्न विभागों के साथ मिलकर काम करने की कोई इच्छा नहीं थी। इसका नुकसान राज्य को बड़े पैमाने पर उठाना पड़ा।” उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल के पास विकास के लिए जमीन, कुशल मानव संसाधन, बुनियादी ढांचा, कच्चा माल और अन्य सभी जरूरी संसाधनों की कोई कमी नहीं है। इसके बावजूद पहले राज्य में वह ‘डबल इंजन’ नहीं था, जो केंद्र और राज्य के बीच बेहतर तालमेल के साथ विकास को गति दे सके।

कम्युनिस्ट शासन से TMC सरकार तक पर साधा निशाना
शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि आजादी से पहले और आजादी के बाद भी पश्चिम बंगाल ने देश के निवेश और अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। लेकिन उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में 34 साल के कम्युनिस्ट शासन और उसके बाद 15 साल के TMC शासन के दौरान केंद्र के साथ लगातार टकराव और विरोध का रवैया देखने को मिला। उनके मुताबिक, इस नकारात्मक सोच के कारण पश्चिम बंगाल अपनी क्षमता के अनुरूप आगे नहीं बढ़ सका।
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‘50 साल की नकारात्मकता अब खत्म हो चुकी है’
शुभेंदु अधिकारी ने कहा, “50 साल से चली आ रही यह नकारात्मकता अब खत्म हो चुकी है।” उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अपने नेता एवं रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के नेतृत्व में वे सभी मिलकर पश्चिम बंगाल को फिर से विकास के रास्ते पर लाने के लिए काम कर रहे हैं। शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि केंद्र और राज्य के बीच बेहतर समन्वय से पश्चिम बंगाल की औद्योगिक और आर्थिक क्षमता को फिर से मजबूत किया जा सकता है।

2047 तक विकसित भारत के साथ विकसित बंगाल का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत का लक्ष्य 2047 तक विकसित राष्ट्र यानी ‘विकसित भारत’ बनना है। उन्होंने कहा कि जब 2047 तक भारत एक विकसित देश बनेगा, तब पश्चिम बंगाल भी विकसित राज्य के रूप में आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि इसी व्यापक लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार केंद्र के साथ मिलकर आगे बढ़ रही है।

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GRSE और यंत्र इंडिया की पांच परियोजनाओं की रखी गई आधारशिला
इससे पहले कोलकाता में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने GRSE और यंत्र इंडिया लिमिटेड (YIL) की पांच ब्राउनफील्ड विस्तार परियोजनाओं की आधारशिला रखी। इस मौके पर मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी भी मौजूद रहे। इन परियोजनाओं को रक्षा उत्पादन से जुड़े बुनियादी ढांचे के विस्तार और औद्योगिक क्षमता बढ़ाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

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